ओडिशा राज्यसभा चुनाव में सियासी चाल तेज, बीजद ने छह नामांकन फॉर्म लेकर बढ़ाई हलचल

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भुवनेश्वर। ओडिशा से राज्यसभा की चार सीटों पर होने वाले चुनाव को लेकर राजनीतिक हलचल तेज हो गई है। अधिसूचना जारी होते ही बीजू जनता दल के सांसद सस्मित पात्रा ने एक साथ छह नामांकन फॉर्म हासिल कर लिए, जिससे पार्टी की रणनीति को लेकर अटकलें तेज हो गई हैं।

दरअसल, 147 सदस्यीय विधानसभा के आंकड़ों के मुताबिक बीजद को एक सीट पक्की मानी जा रही है, जबकि सत्तारूढ़ भारतीय जनता पार्टी को दो सीटों पर जीत तय मानी जा रही है। चौथी सीट के लिए किसी भी दल के पास जरूरी 30 प्रथम वरीयता वोट नहीं हैं। भाजपा के पास 79 विधायक हैं और तीन निर्दलीय विधायकों का समर्थन मिलाकर कुल संख्या 82 हो जाती है, जो तीसरी सीट जीतने के लिए आवश्यक आंकड़े से आठ कम है।

वहीं, बीजद के पास दो विधायकों के निलंबन के बाद 48 विधायक रह गए हैं। एक सीट जीतने के बाद उसके पास 18 प्रथम वरीयता वोट बचेंगे, जबकि दूसरी सीट जीतने के लिए उसे 12 और वोटों की जरूरत होगी। कांग्रेस के पास 14 विधायक हैं, जबकि सीपीआई-एम का एक विधायक है। इस बीच कांग्रेस ने बीजद प्रमुख नवीन पटनायक से मुलाकात का समय मांगा है और चौथी सीट के लिए संयुक्त उम्मीदवार उतारने की इच्छा जताई है।

प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष भक्त चरण दास ने कहा, ‘संख्या बल कम होने के बावजूद हम राज्यसभा चुनाव में अहम भूमिका निभाएंगे। मैं दिल्ली जाकर हाईकमान से चर्चा करूंगा और उसके बाद तय होगा कि पार्टी अपना उम्मीदवार उतारेगी या किसी बाहरी उम्मीदवार को समर्थन देगी।’ उधर, बीजद की राजनीतिक मामलों की समिति सर्वसम्मति से नवीन पटनायक को उम्मीदवारों के चयन का अंतिम अधिकार सौंप दिया है।

विधानसभा में विपक्ष की मुख्य सचेतक प्रमिला मलिक ने कहा कि सभी विधायक पार्टी अध्यक्ष के फैसले के अनुसार मतदान करेंगे। राज्यसभा चुनाव के लिए नामांकन दाखिल करने की प्रक्रिया पांच मार्च तक चलेगी। इसके बाद नामांकन पत्रों की जांच 6 मार्च को होगी, जबकि 9 मार्च नाम वापसी की अंतिम तिथि तय की गई है। वहीं राज्यसभा चुनाव का मतदान 16 मार्च को होगा। ये चुनाव इसलिए हो रहे हैं क्योंकि अप्रैल में बीजद के निरंजन बिशी और मुन्ना खान व भाजपा के सुजीत कुमार और ममता मोहंता का कार्यकाल समाप्त हो रहा है।

 

 शादी के तीन महीने बाद नवविवाहिता ने दी जान

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पुणे। हाथों की मेहँदी का रंग अभी छूटा भी नहीं था कि ससुरालवालों की प्रताड़ना से परेशान होकर नवविवाहिता ने अपनी जान दे दी। जी हाँ, पुणे में वैष्णवी हगवणे का मामला अभी ताज़ा ही है कि एक और महिला ने अपने ससुराल वालों की प्रताड़ना के कारण ख़ुदकुशी कर ली। खबर है कि महिला ने एक बिल्डिंग से नीचे कूदकर अपनी जान दे दी। इस संदर्भ में मृतक महिला के ससुराल वालों के खिलाफ केस दर्ज किया गया है और पुलिस घटना की जांच कर रही है। मिली जानकारी के मुताबिक, यह घटना पुणे के बाणेर इलाके में हुई। मृतक महिला का नाम गंगा तेजस बेंबलकर (27) है। उसके पति का नाम तेजस शिवा बेंबलकर है। तेजस ने अमेरिका से उच्च शिक्षा हासिल की है। तेजस और गंगा की शादी 3 महीने पहले हुई थी। लेकिन शादी के बाद गंगा को खुशी मिलने के बजाय अपने ससुराल वालों की प्रताड़ना का सामना करना पड़ा। गंगा के घरवालों ने आरोप लगाया है कि इसी प्रताड़ना से तंग आकर नई-नवेली दुल्हन ने उसी बिल्डिंग से कूदकर सुसाइड कर लिया जहां वह रहती थी। इस मामले में मृतक महिला के पिता ने पुलिस स्टेशन में शिकायत दर्ज कराई है, और पुणे के बाणेर पुलिस स्टेशन में उसके पति, सास, ननद और ससुर के खिलाफ केस दर्ज किया गया है। मिली शिकायत के आधार पर पुलिस ने घटनास्थल पर पंचनामा किया। उन्हें घटनास्थल पर एक सुसाइड नोट मिला। इस सुसाइड नोट में महिला ने लिखा है कि वह मौत के लिए खुद जिम्मेदार है, लेकिन पुलिस महिला के परिवार के आरोपों के आधार पर जांच कर रही है। वहीं इस घटना से इलाके में हड़कंप मचा है और सवाल उठ रहा है कि आखिर और कितने वैष्णवी और गंगा मारे जाएंगे ?

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भारत-अमेरिका ट्रेड डील किसानों के हित में है

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देश के केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान ग्वालियर पहुंचे, जहां एयरपोर्ट पर कार्यकर्ताओं ने उनका जोरदार स्वागत किया। इस दौरान केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने फसल बीमा की राशि, भारत अमेरिका ट्रेड डील सहित अन्य राजनीतिक मुद्दों पर अपना बयान दिया।केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने आज महान क्रांतिकारी चंद्रशेखर आजाद के शहादत दिवस पर उनको नमन करते हुए कहा कि भारत माता की स्वतंत्रता के लिए उन्होंने अपना सर्वस्व न्योछावर किया और वह आज भी हमारी प्रेरणा हैं। वह देश के लिए संपूर्ण जीवन देकर गए। हम देश के लिए जिए यही संकल्प करें और देश के लिए जीने का मतलब यही है कि हम अपनी ड्यूटी अपना कर्तव्य जो काम हमारी तरफ तय किया गया है उसे कैसे मेहनत से करें, ईमानदारी से करें, प्रामाणिकता के साथ करें और केवल अपना ही ना सोच अपने साथ-साथ समाज का भी देश का भी विचार करें। स्वदेशी अपनाएं,अपने देश को आगे बढ़ाने में अपना योगदान करें।

शक्तिशाली भारत का निर्माण

इजराइल की संसद में पहली बार भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा दिए गए भाषण को लेकर शिवराज सिंह चौहान ने कहा कि कई चीजें पहली बार हो रही हैं।प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी के नेतृत्व में एक वैभवशाली गौरवशाली संपन्न समृद्ध शक्तिशाली आत्मनिर्माण और विकसित भारत का निर्माण हो रहा है। यह हम नहीं कहते जमाना कहता है। भारत आगे बढ़ रहा है और मेरा विश्वास है कि आज जिस गति से भारत आगे बढ़ रहा है हम विश्व बंधु तो हैं ही, हम अपनी नहीं सोचते हम दुनिया की भी सोचते हैं। दुनिया को बेहतर दिशा देने में हम सक्षम होंगे।

अन्नदाताओं के चरणों में मेरा बार-बार प्रणाम

मध्य प्रदेश में चीतों की संख्या लगातार बढ़ रही है। कल वोत्सवाना से आठ चीतों के कूनो आने को लेकर शिवराज सिंह ने कहा कि चीतों का स्वागत है। इससे पर्यटन बढ़ेगा। उनको फिर से स्थापित करने का यह काम हुआ है। इससे न केवल टूरिज्म में बढ़ेगा जीव के प्रति जो हमारा कर्तव्य है हम उसकी पूर्ति भी करेंगे और पर्यावरण भी अच्छा होगा। फसल बीमा की राशि किसानों के खातों में कब तक आएगी, इस सवाल पर उन्होंने कहा अन्नदाताओं के चरणों में मेरा बार-बार प्रणाम है। मेरे लिए किसानों की सेवा ही भगवान की पूजा है। मैं हमेशा खेतों में ही रहता हूं। हम एक के बाद एक अलग-अलग योजनाओं के क्रियान्वयन के जरिए किसानों के जीवन को बेहतर बनाने का काम कर रहे हैं। उनका जायज हक उन्हें जरूर मिलेगा।

किसानों के हित सुरक्षित

भारत- अमेरिका ट्रेड डील को कांग्रेस द्वारा किसान विरोधी कहने के सवाल पर कहा कि यह कांग्रेस कह रही है, जो देश के लिए कुछ नहीं कर पाए हैं वह सिर्फ कहेंगे। वह सिर्फ विलाप कर रहे हैं, सच यह है कि भारत के सभी हित सुरक्षित हैं। किसानों के हित सुरक्षित हैं। एक कृषि मंत्री भी कह रहा है, एक किसान भी कह रहा है, किसान निश्चिंत रहें। वहीं ASI की रिपोर्ट में भोजशाला के हिंदू मंदिर होने के खुलासे के सवाल पर शिवराज सिंह ने कहा कि सारी रिपोर्ट कोर्ट में है।
 

होटल में 6 महीने रहकर करता रहा फर्जी ऑनलाइन पेमेंट, बैंक स्टेटमेंट ने खोली पोल

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6 लाख का बिल चुकाने मैनेजर को भेजे स्क्रीनशॉट, पुलिस ने आरोपी को किया गिरफ्तार 

गुरुग्राम। एमसीए की डिग्री ले चुका 26 साल का एक युवक बिना एक पैसा दिए करीब पांच महीने तक शहर के एक आलीशान होटल में ठहरा रहा। होटल से जाते समय उसने 6 लाख रुपए से ज्यादा का बिल चुकाने के फेक पेमेंट के स्क्रीनशॉट होटल स्टाफ को भेजे थे। पुलिस ने आरोपी युवक को गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस ने बताया कि जब होटल प्रबंधन ने बाद में अपना बैंक स्टेटमेंट चेक किया तो अकाउंट में कोई पैसा क्रेडिट नहीं हुआ। इसके बाद एफआईआर दर्ज की गई और आरोपी को गिरफ्तार किया गया। 
पुलिस के मुताबिक आरोपी सोहना निवासी हिमांशु (26) के पास कंप्यूटर एप्लीकेशन में पोस्टग्रेजुएट डिग्री है। वह माई फेम ऐप पर एक यूट्यूब चैनल को प्रमोट करने का काम कर रहा था। डीएलएफ फेज 5 में गोल्फ कोर्स रोड पर स्थित एक होटल और सर्विस अपार्टमेंट के ऑपरेटर की ओर से पुलिस को दी गई शिकायत के मुताबिक हिमांशु अक्टूबर 2025 से होटल में रह रहा था। 24 फरवरी तक आरोपी ने रहने के चार्ज के तौर पर ऑपरेटर को 16 पेमेंट किए और हर पेमेंट के स्क्रीनशॉट वॉट्सऐप पर शेयर किए, लेकिन ये सभी पेमेंट फ्रॉड निकले। होटल द्वारा पुलिस को दी गई शिकायत में लिखा है कि जब होटल का बैंक अकाउंट चेक किया, तो पता चला कि कोई पेमेंट ही नहीं हुआ। हिमांशु से उसका बैंक स्टेटमेंट मांगा गया, लेकिन उसने देने से मना कर दिया और 24 फरवरी को होटल छोड़कर चला गया।
शिकायतकर्ता ने आरोप लगाया गया है कि हिमांशु पर होटल में रुकने का 6.17 लाख रुपए का बिल आया था, जिसमें से कुछ भी पेमेंट नहीं किया गया। शिकायत के बाद एफआईआर दर्ज की गई और पुलिस ने बुधवार को डीएलएफ फेज 5 इलाके से हिमांशु को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस के मुताबिक पूछताछ में आरोपी ने बताया कि उसे यूट्यूब पर एक नकली फोनपे ऐप के बारे में एक वीडियो मिला था। इसमें दिखाया गया था कि कैसे कोई फर्जी पेमेंट कर सकता है और ऐसा दिखा सकता है, जैसे पैसे रिसीवर के अकाउंट में क्रेडिट हो गए हों। 
मीडिया  रिपोर्ट के मुताबिक गुरुग्राम पुलिस ने कहा कि उसने नकली फोनपे ऐप इंस्टॉल किया, जिसमें सिर्फ स्कैनर काम करता है, जबकि बाकी सभी फीचर इनएक्टिव हैं। वह अक्टूबर 2025 से फरवरी 2026 तक होटल में रुका और होटल मैनेजर को 16 झूठे ट्रांजैक्शन के स्क्रीनशॉट भेजे और 6 लाख रुपए से ज्यादा की धोखाधड़ी की। पुलिस ने बताया कि आरोपी का मोबाइल फोन जब्त कर लिया गया है और आगे की जांच जारी है। आरोपी को गुरुवार को शहर की एक अदालत में पेश किया गया, जिसने उसे न्यायिक हिरासत में भेज दिया।

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पाकिस्तान को भी होगा आटे का संकट, अफगान युद्ध के बीच अमेरिकी रिपोर्ट ने बढ़ाई चिंता

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America Report on Pakistan: पाकिस्तान और अफगानिस्तान के बीच जंग छिड़ी हुई है. इस बीच पाकिस्तान के लिए एक और बुरी खबर आई है. आतंक की फैक्ट्री चलाने वाला पाकिस्तान अब आटे के लिए तरस सकता है. अमेरिका की रिपोर्ट के मुताबिक इस बार पाकिस्तान में गेहूं के उत्पादन में कटौती होने की उम्मीद है. अमेरिका के कृषि विभाग(USDA) की रिपोर्ट के मुताबिक पाकिस्तान में इस बार 20-22 लाख टन गेहूं कम पैदा होगा. वहीं इस रिपोर्ट के बाद पाकिस्तान के लिए बड़ा संकट खड़ा हो गया है।

पाकिस्तान की अधिकांश आबादी गेहूं पर निर्भर

पाकिस्तान में बड़ी आबादी गेहूं या फिर उससे बने उत्पादों पर निर्भर है. इसमें रोटी, डबल रोटी, खमीरी रोटी और नान जैसे प्रोडक्ट्स शामिल हैं. ऐसे में 22 लाख टन गेहूं की कम पैदावर पाकिस्तान में भुखमरी को बढ़ा सकता है. पाकिस्तान में धान और मक्के की भी बड़े पैमाने पर खेती की जाती है, लेकिन इसमें ज्यादातर उत्पादन एक्सपोर्ट कर दिया जाता है. ऐसे में पाकिस्तान की आबादी गेहूं पर निर्भर करती है।

पाकिस्तान की कुल GDP में गेहूं का 3 फीसदी हिस्सा

रिपोर्ट के मुताबिक पाकिस्तान की कुल जीडीपी में तकरीबन 2 से 3 प्रतिशत हिस्सा गेहूं और उससे बने उत्पादों का है. अमेरिका की गेहूं उत्पादन में कटौती को लेकर रिपोर्ट ऐसे समय में आई है, जब पाकिस्तान और अफगानिस्तान के बीच जंग छिड़ी हुई है. वहीं इस लड़ाई में बलोच लड़ाके अफगानिस्तान का साथ दे रहे हैं. पाकिस्तान की चिंता इस बात से भी ज्यादा बढ़ी है कि बलोच के एक बड़े हिस्से पर गेहूं की खेती की जाती है.बता दें बलोच इलाका तीन देशों पाकिस्तान, ईरान और अफगानिस्तान में आता है. इनमें सबसे बड़ा हिस्सा पाकिस्तान के बलूचिस्तान प्रांत में आता है. वहीं इसके अलावा दूसरा बड़ा हिस्सा ईरान के सिस्तान और बलूचेस्तान प्रांत में आता है. जबकि तीसरा हिस्सा अफगानिस्तान के दक्षिण क्षेत्रों में आता है।

मुश्किल में पड़ी पाकिस्तान की गेहूं की खेती

पाकिस्तान में खेती की बढ़ती लागत और घटती पैदावार ने किसानों की मुसीबत बढ़ा दी है. वहीं पाकिस्तान सरकार की तरफ से भी किसानों के लिए उदासीनता है. सरकार की तरफ से किसानों को कोई भी मदद नहीं दी जा रही है.पाकिस्तान में गेहूं की पैदावार कम होने में लंबे समय से सूखा होना बड़ी वजह है. कई इलाके बारिश पर निर्भर करते हैं. सूखे की मार के कारण पाकिस्तान में गेहूं की खेती का एरिया 2025-26 में 10.37 मिलियन हेक्टेयर से घटकर 9.1 मिलियन हेक्टेयर तक रह गया है।

IRPR Agency’s Playbook for 2026: Navigating the Shift from SEO to GEO

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The digital landscape of 2026 is no longer defined by the static blue links of the past. As Large Language Models (LLMs) and Search Generative Experiences (SGE) redefine information consumption, the challenge for brands is no longer just ranking on page one, it is becoming the definitive citation within an AI’s synthesized response.

At IRPR Agency, we have engineered a transition from legacy SEO to Generative Engine Optimization (GEO). By bridging the gap between cinematic Video Production and deep-stack Technology, we assist regional market leaders in securing authority in a world where “search” has become “conversation.”

The Architectural Shift: Why Legacy SEO is Obsolete

Traditional SEO relied on keyword density. In contrast, Generative Engines, such as Gemini and Perplexity, prioritize contextual authority and multimodal integration. As a top agency in Pune serving a global clientele, IRPR has architected a framework that ensures brand data is “understandable” by neural networks. This involves Visual Engineering, where video content is optimized for AI interpretation.

Engineered for Authority: The GEO Framework

Our methodology serves as a blueprint for technical credibility. Whether developing an AI-powered campaign for Honda or managing complex digital footprints for the ASESM group at IISc Bangalore, our “Visual Engineering” approach ensures:

  • Structured Media: Video assets tagged with advanced schema for AI parsing.
  • Production Excellence: Visuals that meet elite standards for high-conversion ROI.
  • Technical Integration: Sub-second load times optimized for modern search algorithms.

Leading the Post-Google Era

As India’s commercial capital evolves, the demand for tech-first communication has never been higher. Being recognized as a top agency in Mumbai requires a deep understanding of the underlying infrastructure of the internet. The transition from SEO to GEO is a journey from “Search” to “Answer.”

, The IRPR Advantage

The “Playbook for 2026” is defined by Integration. The silos between Public Relations, video, and code have collapsed. IRPR Agency remains the bridge between the technical and the creative, providing the engineering rigor necessary to dominate the Generative Engine era.

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स्वदेशी स्टील से निर्मित आईएनएस अंजदीप नौसेना में शामिल होने को तैयार

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नई दिल्ली। भारतीय नौसेना की सामरिक शक्ति और समुद्री सीमाओं की सुरक्षा में जल्द ही एक ऐतिहासिक अध्याय जुड़ने जा रहा है। दुश्मनों की पनडुब्बियों को समुद्र की अथाह गहराइयों में ही नेस्तनाबूद करने की अचूक क्षमता रखने वाला अत्याधुनिक युद्धपोत आईएनएस अंजदीप नौसेना के बेड़े का हिस्सा बनने के लिए पूरी तरह तैयार है। मेक इन इंडिया और आत्मनिर्भर भारत की संकल्पना को साकार करता यह युद्धपोत न केवल तकनीक के मामले में विश्वस्तरीय है, बल्कि इसका निर्माण पूर्ण रूप से स्वदेशी स्टील से किया गया है, जो देश के रक्षा क्षेत्र में बढ़ती आत्मनिर्भरता का एक जीवंत प्रमाण है।
आईएनएस अंजदीप भारतीय नौसेना में शामिल होने वाला तीसरा एंटी-सबमरीन वारफेयर शैलो वॉटर क्राफ्ट कार्वेट है। इससे पहले आईएनएस अरनाला और आईएनएस एंड्रोथ को सफलतापूर्वक नौसेना की सेवा में समर्पित किया जा चुका है। इन जहाजों का मुख्य उद्देश्य नौसेना के पुराने हो रहे अभय-श्रेणी के जहाजों का स्थान लेना और तटीय क्षेत्रों में पनडुब्बी रोधी अभियानों को अधिक सटीक और घातक बनाना है। इस गौरवशाली परियोजना में सार्वजनिक क्षेत्र की दिग्गज इस्पात उत्पादक कंपनी स्टील अथॉरिटी ऑफ इंडिया लिमिटेड (सेल) ने अपनी महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। सेल ने गार्डन रीच शिपबिल्डर्स एंड इंजीनियर्स लिमिटेड द्वारा तैयार किए जा रहे आठ कार्वेट जहाजों के लिए लगभग 3,500 टन विशेष-ग्रेड स्टील की पूरी मात्रा की आपूर्ति की है।
इस महत्वपूर्ण परियोजना के लिए उच्च गुणवत्ता वाले स्टील का उत्पादन सेल के बोकारो, भिलाई और राउरकेला स्थित एकीकृत इस्पात संयंत्रों में किया गया है। यह उपलब्धि भारत की घरेलू आपूर्ति श्रृंखला की मजबूती और जटिल रक्षा उपकरणों के लिए आवश्यक कच्चा माल देश में ही तैयार करने की क्षमता को रेखांकित करती है। सेल इससे पहले भी आईएनएस विक्रांत, आईएनएस उदयगिरि, आईएनएस नीलगिरी और आईएनएस सूरत जैसे महत्वपूर्ण युद्धपोतों के लिए विशेष-ग्रेड स्टील की आपूर्ति कर चुकी है। आईएनएस अंजदीप का जलावतरण न केवल नौसेना की मारक क्षमता को बढ़ाएगा, बल्कि यह वैश्विक स्तर पर रक्षा विनिर्माण के क्षेत्र में भारत के बढ़ते कद का संदेश भी देगा। यह युद्धपोत आधुनिक रडार, सोनार प्रणालियों और घातक हथियारों से लैस है, जो इसे समुद्री सीमाओं का एक अभेद्य प्रहरी बनाते हैं।

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News Desk

 फिर से सत्ता में लौटने के लिए ममता ने साध लिए युवा और महिला वोटर……दो योजनाएं बनेगी चुनाव में गेंमचेंजर 

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कोलकत्ता । पश्चिम बंगाल में विधानसभा चुनाव की तैयारी जोरों पर जारी है। राज्य में मुख्य मुकाबला सत्तारूढ़ ममता बनर्जी की ऑल इंडिया तृणमूल कांग्रेस और भारतीय जनता पार्टी के बीच दिख रहा है। 294 सदस्यीय विधानसभा में टीएमसी की मजबूत पकड़ है, जबकि भाजपा 77 सीटों के साथ दूसरी सबसे बड़ी पार्टी है। अन्य वाम दलों और नवगठित पार्टियों का गठबंधन चुनावी समीकरण को प्रभावित कर सकता है, लेकिन असली टक्कर युवाओं और महिलाओं के वोट पर केंद्रित है।
इस लेकर ममता बनर्जी ने इस बार दो प्रमुख कल्याणकारी योजनाओं के माध्यम से राजनीतिक मोर्चा मजबूत किया है। पहली, पहले से चल रही ‘लक्ष्मी भंडार’ योजना, जो 2.42 करोड़ महिलाओं को आर्थिक सहायता देना है। इस योजना में मासिक सहायता 1,500 रुपये कर दी गई है, और 2021 में महिलाओं के समर्थन ने टीएमसी को निर्णायक बढ़त दिलाई थी। दूसरी, नई ‘युवा साथी’ योजना, जिसमें 21-40 वर्ष के बेरोजगार युवाओं को मासिक 1,500 रुपये दिए जाएंगे। न्यूनतम योग्यता 10वीं पास है और आवेदन प्रक्रिया शुरू होने के नौ दिनों में करीब 78 लाख युवाओं ने आवेदन किया। विशेषज्ञ मानते हैं कि इस आयु वर्ग के मतदाता कुल वोटरों का करीब 45 प्रतिशत हो सकते हैं, जिससे योजना चुनावी समीकरण बदल सकती है।
वहीं राज्य में सियासी मुद्दों में एसआईआर (विशेष गहन पुनरीक्षण) भी अहम है। भाजपा एसआईआर को अपनी रणनीति के तहत लाभकारी मानती है, जबकि ममता बनर्जी ने चुनाव आयोग के द्वारा की जा रही एसआईआर प्रक्रिया को राजनीतिक साजिश बताया। उन्होंने मृत 61 लोगों के परिवारों से एक सदस्य को नौकरी देने की घोषणा कर मानवीय संदेश भी दिया। 2021 में टीएमसी को 49 प्रतिशत वोट शेयर और 213 सीटें मिली थीं, जबकि भाजपा को 38 प्रतिशत से अधिक वोट और 77 सीटें मिली थीं। इस बार भाजपा घुसपैठ और हिंदुत्व जैसे मुद्दों पर चुनाव लड़ने की तैयारी में है। वहीं, ममता की योजनाएं सीधे लाभ पर केंद्रित होने के कारण महिला और युवा वोटरों को आकर्षित करने की संभावना रखती हैं। कुल मिलाकर, पश्चिम बंगाल का आगामी चुनाव आर्थिक कल्याणकारी योजनाओं और वैचारिक मुद्दों के बीच बेहद रोचक और कड़ा मुकाबला साबित होने वाला है। ममता की दोहरी रणनीति—युवाओं और महिलाओं पर फोकस—भाजपा के लिए चुनौतीपूर्ण हो सकती है और चुनावी समीकरण को नया आकार दे सकती है।

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होटल में गर्लफ्रेंड के साथ आए शख्स की मौत, कमरे से मिले शक्तिवर्धक दवाइयों के खाली रैपर 

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पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट में मौत का कारण हार्ट अटैक बताया, मार्च में थी बेटे की शादी 

गुरुग्राम। राजधानी दिल्ली से सटे गुरुग्राम शहर के बस स्टैंड के पास एक होटल में गर्लफ्रेंड के साथ ठहरे 56 साल के शख्स की बुधवार को संदिग्ध हालात में मौत हो गई थी। पुलिस को घटनास्थल से शक्तिवर्धक दवाइयों के कुछ खाली रैपर मिले थे। ऐसे में दवाओं के ओवरडोज से मौत होने का अंदेशा जताया जा रहा है। हालांकि पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट में मौत का कारण हार्ट अटैक बताया गया है।
पुलिस के मुताबिक मृतक शख्स हरियाणा में सोहना के पास एक गांव का रहने वाला था, जो एक लॉजिस्टिक्स कंपनी में ड्राइवर का काम करता था। बुधवार को वह अपने स्कूल की एक महिला दोस्त के साथ गुरुग्राम बस स्टैंड के पास एक होटल में आ कर ठहरा। महिला के बयान के मुताबिक कमरे में उस व्यक्ति को अचानक सीने में तेज दर्द उठा। महिला ने तुरंत एंबुलेंस बुलाई और पुलिस को इसकी सूचना दी। उसे पास के एक निजी अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। मृतक के शव का गुरुवार को पोस्टमॉर्टम किया गया। पोस्टमॉर्टम की प्रारंभिक रिपोर्ट में मौत का कारण हार्ट अटैक बताया है। हालांकि, कमरे से मिले दवाइयों के रैपर इस ओर इशारा कर रहे हैं कि उस शख्स ने बिना डॉक्टरी सलाह के शक्तिवर्धक दवाओं का सेवन किया, जिसका असर उसके दिल पर पड़ा होने का अंदेशा है।
जानकारी के मुताबिक मृतक के परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है। बताया जा रहा है कि 12 मार्च को उनके बेटे की शादी थी। घर में मेहमानों का आना-जाना और खुशियों का माहौल था, लेकिन पिता की अचानक मौत ने परिवार को सदमे में डाल दिया है। गुरुवार को शव परिजनों को सौंप दिया गया।

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मुझसे नाराज थीं प्रियंका…जैसे ही वायनाड पहुंचे वह करने लगी बात यह यहां का जादू है

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भूस्खलन पीड़ितों के घरों के शिलान्यास समारोह में राहुल गांधी ने सुनाया किस्सा 

वायनाड। कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने अपनी बहन प्रियंका गांधी के बारे में एक बेहद दिलचस्प किस्सा शेयर किया। उन्होंने चुटकी लेते हुए कहा, कि वायनाड ने उनके बीच की नाराजगी को किसी भी शांति वार्ता से ज्यादा तेजी से सुलझा दिया। राहुल गांधी 2024 के वायनाड भूस्खलन पीड़ितों के लिए कांग्रेस द्वारा बनाए जा रहे घरों के शिलान्यास समारोह में हिस्सा लेने यहां पहुंचे थे। इसी दौरान उन्होंने राजनीति और अपने निजी जीवन को लेकर कुछ खास बातें शेयर कीं।
मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक वायनाड की जनता को अपना बड़ा परिवार बताते हुए राहुल गांधी ने अपनी और बहन प्रियंका के बीच हुई हालिया अनबन का जिक्र किया। उन्होंने कहा कि वह और उनकी बहन अक्सर छोटी-छोटी बातों पर झगड़ते रहते हैं। राहुल गांधी ने बताया कि मेरी बहन मुझसे बात नहीं कर रही थी। बात इतनी बढ़ गई थी कि इसका जिक्र उन्हें अपनी मां सोनिया गांधी से भी करना पड़ा। राहुल ने बताया कि जब मेरी मां ने पूछा कि प्रियंका कैसी है, तो मैंने उन्हें बताया कि वह मुझसे नाराज है और बात नहीं कर रही है। इसके बाद राहुल ने इस नाराजगी को दूर करने के लिए अपनाई गई तरकीब भी बताई। 
राहुल ने कहा कि मैंने मां (सोनिया) से कहा कि मैंने उसे (प्रियंका) को जाल में फंसा लिया है। एक बार जब वह वायनाड आ जाएगी, तो वह मुझसे बात किए बिना नहीं रह पाएगी। हालांकि, उनकी यह तरकीब तुरंत काम नहीं आई और फ्लाइट में भी प्रियंका उनसे नाराज ही रहीं। राहुल ने आगे कहा लेकिन जैसे ही हम वायनाड पहुंचे, उसने मुझसे फिर से बात करना शुरू कर दिया। यही वायनाड का जादू है।
बता दें राहुल गांधी ने 2024 के लोकसभा चुनावों में केरल के वायनाड और यूपी के रायबरेली, दोनों ही सीटों से जीत हासिल की थी। बाद में उन्होंने वायनाड सीट खाली कर दी थी, जिसके बाद हुए उपचुनाव में जीत दर्ज कर अब उनकी बहन प्रियंका गांधी वाड्रा इस क्षेत्र का प्रतिनिधित्व कर रही हैं। राहुल ने कहा कि नेताओं को अपने बारे में ज्यादा खुला और पारदर्शी होना चाहिए। उन्होंने मंच से कहा कि मैं 2004 से राजनीति में हूं, करीब 22 साल हो गए हैं। जैसे-जैसे आप आगे बढ़ते हैं, चीजों के बारे में आपके सोचने का नजरिया बदलने लगता है। 

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