भारत और अमेरिका ने रणनीतिक साझेदारी मजबूत करने पर चर्चा की

#LatestNews #BreakingNews #NewsUpdate #IndiaNews #HindiNews

नई दिल्ली: अमेरिका के राजनीतिक मामलों के अवर सचिव एलिसन हुकर ने विदेश सचिव विक्रम मिसरी के साथ बातचीत की. दोनों पक्षों ने फरवरी में हुई मीटिंग के दौरान राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के बताए विजन को ठोस नतीजों में बदलने पर फोकस किया. हूकर रणनीतिक और आर्थिक सहयोग को मजबूत करने के लिए पांच दिन के भारत दौरे पर हैं.

अमेरिकी दूतावास के मुताबिक हुकर ने रक्षा, ऊर्जा, तकनीकी, अंतरिक्ष और सप्लाई चेन में लचीलापन जैसे सेक्टर में सहयोग को आगे बढ़ाने के प्रशासन के इरादे से अवगत कराया. इसमें कहा गया, ‘ यह बैठक राष्ट्रपति ट्रंप और पीएम मोदी की फरवरी की मीटिंग के विजन को ठोस प्रगति में बदलने का एक मौका है जो अमेरिकी सुरक्षा, नौकरियां और प्रतिस्पर्धा को बढ़ाता है, साथ ही भारत के लंबे समय के लक्ष्यों का समर्थन भी करेंगे.

विदेश मंत्रालय ने कहा कि विदेश कार्यालय परामर्श तंत्र के तहत आयोजित वार्ता में भारत-अमेरिका व्यापक वैश्विक रणनीतिक साझेदारी की बड़े पैमाने पर समीक्षा की अनुमति दी गई. एजेंडा में ट्रेड, इन्वेस्टमेंट, डिफेंस संबंध, सिविल न्यूक्लियर सहयोग, जरूरी मिनरल, नई टेक्नोलॉजी और भरोसेमंद सप्लाई चेन के साथ-साथ चल रही रणनीतिक तकनीकी का इस्तेमाल करके रिश्तों को बदलना पहल शामिल थी.

दोनों पक्षों ने क्षेत्रीय और वैश्विक विकास पर भी विचार साझा किए और एक स्वतंत्र और खुले इंडो-पैसिफिक के लिए अपने साझा समर्थन को दोहराया. फरवरी में पीएम मोदी के वाशिंगटन दौरे से कई बड़े नतीजे सामने आए, जिसमें भारत ने अमेरिकी तेल, गैस और मिलिट्री प्लेटफॉर्म की खरीद बढ़ाने का वादा किया. नई दिल्ली और वाशिंगटन एक बड़े ट्रेड एग्रीमेंट को आगे बढ़ाने और 2030 तक सालाना बाइलेटरल ट्रेड में 500 बिलियन अमेरिकी डॉलर का टारगेट तय करने पर भी सहमत हुए.

अमेरिकी दूतावास ने आगे कहा कि अवर सचिव ने ‘रक्षा, ऊर्जा, प्रौद्योगिकी, अंतरिक्ष और भरोसेमंद सप्लाई चेन में सहयोग को गहरा करने के वाशिंगटन के मकसद और अमेरिका -इंडिया सहयोग के मूल्यों पर जोर दिया जो अमेरिकी नवाचार को बढ़ावा देता है और इंडिया को वैश्विक प्रौद्योगिकी नेता के तौर पर उभरने में मदद करता है.’

इसमें कहा गया कि उन्होंने विदेश सचिव की लगातार साझेदारी के लिए तारीफ की, क्योंकि अमेरिका और भारत दोनों ही ऐसी साझा प्राथमिकताएँ को आगे बढ़ा रहे हैं जो अमेरिकन लोगों को ठोस फायदे देती हैं और इंडिया के राष्ट्रीय मकसद को पूरा करती हैं. विदेश मंत्रालय ने कहा कि दोनों पक्षों ने मौजूदा बातचीत के तरीकों के तहत लगातार हो रही तरक्की का स्वागत किया और रिश्ते के खास हिस्सों में सहयोग को आगे बढ़ाने के लिए सैन्य साझेदारी, तकनीकी और व्यापार को लेकर अवसरों को बढ़ाने पर सहमति जताई.

फरवरी में शुरू हुई रणनीतिक प्रौद्योगिकी का उपयोग करके संबंधों को बदलने के पहल का मकसद सुरक्षित सप्लाई चेन बनाना, नवाचार को बढ़ावा देना और एआई और सेमीकंडक्टर जैसी जरूरी और नई तकनीकी पर सहयोग बढ़ाना है. दोनों सरकारों ने ट्रेड संबंधों को बढ़ाने और रणनीतिक रूप से महत्वपूर्ण क्षेत्रों में सहयोग को मजबूत करने पर बातचीत जारी रखने के अपने समर्पण की फिर से पुष्टि की.

सिर्फ दो नहीं—दिलीप कुमार ने इस फिल्म में किए थे तीन-तीन किरदार, आज भी मिसाल

#LatestBollywoodNews #BollywoodNews #BollywoodUpdate #BollywoodNews #BollywoodHindiNews

बॉलीवुड | बॉलीवुड इंडस्ट्री में दिलीप कुमार ने अपने अभिनय से सभी को इंप्रेस किया है. उन्हें देश-विदेश के कई सम्मानों से नवाजा गया. कोई उन्हें ट्रेजिडी किंग के तौर पर जानता है तो कोई उन्हें अभिनय की पाठशाला कहता है. दिलीप कुमार ने पर्दे पर रोमांस किया, विलेन बने और कॉमेडी भी की. संवेदनशील किरदारों में भी उन्होंने जान फूंकी और उनके किरदारों ने दर्शकों के दिल में गहरी छाप छोड़ी. कई फिल्मों में उन्होंने डबल रोल प्ले किए. लेकिन एक फिल्म ऐसी भी थी जिसमें एक्टर ने ट्रिपल रोल किया था |

11 दिसंबर 2025 को दिलीप कुमार की 103वीं बर्थ एनिवर्सरी है. इस मौके पर बात करते हैं उस फिल्म के बारे में जिसमें दिलीप कुमार ने ट्रिपल रोल प्ले किया था. फिल्म में पिता भी वही बने थे और बेटों का रोल भी उन्होंने ही प्ले किया था. वो बात अलग है कि फिल्म बॉक्स ऑफिस पर कोई खास कमाल नहीं दिखा सकी थी |

बैराग फिल्म में किया था कमाल

दिलीप कुमार अभिनय के बड़े मास्टर थे और हर तरह के रोल में ढल जाया करते थे |
किसी के लिए भी एक फिल्म में बाप और बेटे दोनों का रोल निभाना इतना आसान नहीं. लेकिन दिलीप साहब ने ये कमाल कर दिखाया था | 49 साल पहले साल 1976 में फिल्म बैराग रिलीज हुई थी. फिल्म में दिलीप कुमार ने कैलाश और उसके दोनों बेटे भोला और संजय का रोल किया था | फिल्म में उनकी एक्टिंग की खूब तारीफ की गई थी साथ ही उन्हें फिल्मफेयर द्वारा बेस्ट एक्टर की कैटेगरी में नॉमिनेट भी किया गया था | इसमें उनके अपोजिट सायरा बानो नजर आई थीं. फिल्म का निर्देशन महान निर्देशक अजित सेन ने किया था. वे हमेशा से क्रिएटिव सिनेमा देने के लिए जाने गए और उन्हें नेशनल अवॉर्ड भी मिला |

हीरो के तौर पर थी दिलीप कुमार की आखिरी फिल्म

इस फिल्म से जैसी उम्मीद थी वैसा ये परफॉर्म नहीं कर सकी थी और बॉक्स ऑफिस पर फ्लॉप साबित हुई थी. ये दिलीप कुमार की लगातार तीसरी फ्लॉप फिल्म थी और उनके करियर में पहली बार ऐसा देखने को मिला था | इसके बॉक्स ऑफिस के आंकड़ों का डाटा नहीं है लेकिन फिल्म बुरी तरह से पिटी थी और जनता का ध्यान नहीं खींच सकी थी. इसके बाद एक्टर ने 4-5 साल का ब्रेक ले लिया था और साल 1981 में क्रांति फिल्म से वापसी की थी. ये उनके करियर की दूसरी पारी थी और एक्टर ने इस दौरान भी कई हिट फिल्में दीं. विधाता, कर्मा, मशाल, शक्ति और सौदागर जैसी फिल्मों में काम किया | साल 1998 में उनकी फिल्म किला रिलीज हुई थी. इस फिल्म के बाद से एक्टर ने एक्टिंग से संन्यास ले लिया और इसके बाद उनकी कोई भी फिल्म नहीं रिलीज हुई |

जीते कई सारे अवॉर्ड्स

दिलीप कुमार ने अपने करियर में कई सारे अवॉर्ड्स जीते. उन्हें बेस्ट एक्टिंग के लिए 8 फिल्मफेयर अवॉर्ड मिले. इसके अलावा उन्हें दादा साहब फाल्के अवॉर्ड से भी नवाजा गया. एक्टर को भारत सरकार द्वारा तो पद्मश्री, पद्म भूषण और पद्मविभूषण से नवाजा गया. इसके अलावा उन्हें पाकिस्तान के सर्वोच्च सम्मान निशान-ए-इम्तियाज से भी नवाजा गया. वहीं बहुत कम लोग जानते होंगे कि उनका नाम गिनीज बुक ऑफ वर्ल्ड रिकॉर्ड में भी दर्ज है. एक्टर को भारत की तरफ से सबसे ज्यादा अवॉर्ड्स पाने वाले एक्टर के दौर पर गिनीज बुक वर्ल्ड ने रिकगनाइज किया था |

आरजेडी के बागियों पर ‘तलवार’ चलाएंगे लालू और तेजस्वी यादव

#LatestराजनीतिNews #राजनीतिNews #राजनीतिUpdate #राजनीतिNews #BollywoodHindiNews

पटना। बिहार विधानसभा चुनाव (Bihar assembly elections) में करारी हार की समीक्षा के बाद राजद अब बगियों पर कार्रवाई की तैयारी में है। उम्मीदवारों और पार्टी पदाधिकारियों ने ऐसे बगियों की जानकारी प्रदेश अध्यक्ष मंगनी लाल मंडल को दी है। पार्टी सुप्रीमो लालू प्रसाद (Lalu Prasad) और नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी प्रसाद यादव (Tejashwi Prasad Yadav) के निर्देश पर दर्जनों नेताओं पर कार्रवाई तय मानी जा रही है।

मंगलवार को समीक्षा बैठक के अंतिम दिन पटना प्रमंडल के जिला अध्यक्ष, प्रधान महासचिव, पूर्व विधायक, पूर्व सांसद एवं पार्टी के पदाधिकारियो का जुटान हुआ। बैठक में कार्यकर्ताओं ने जोरदार तरीके से यह मामला उठाया कि तेजस्वी यादव को अपने घर का दरवाजा कार्यकर्ताओं के लिए खोल देना चाहिए और उनकी बातों को सुनकर समझकर संगठन का काम करना चाहिए।

पार्टी के समर्पित एवं पुराने कार्यकर्ताओं के मार्गदर्शन में चलकर ही पार्टी सत्ता प्राप्त कर सकती है। बैठक में नेताओं ने कहा कि तेजस्वी के एटूजेड की परिकल्पना को नकार दिया गया। जब तक 90 फीसदी की बात नहीं करेंगे एवं अतिपिछड़ों, अल्पसंख्यको के सुख-दुख में राजद नेता खास कर तेजस्वी नहीं जाएंगे, तब तक पार्टी मजबूती नहीं होगी।

 

आरजेडी कार्यकर्ताओं ने मंगनी लाल मंडल से पूछा कि बताएं कि गरीब कार्यकर्ता कैसे चुनाव लड़ेंगे। क्या पार्टी अपने पैसे से 10 गरीब कार्यकर्ताओं को चुनाव लड़वा सकती है।

पटना के लोगों ने महानगर में पार्टी संगठन की कमजोरी पर चर्चा की और कहा कि पटना में संगठन को कभी मजबूत करने का प्रयास ही नहीं किया गया। लोगों ने चुनाव हार के एक प्रमुख कारण जातीय हिंसा वाले गानों को भी बताया। हरियाणा के लोगों की पार्टी में सक्रियता पर भी सवाल उठाए।

 

टॉप रैंकिंग में भूचाल! शुभमन गिल नीचे खिसके, नया खिलाड़ी बना नंबर-1

0

#LatestsportNews #sportNews #sportUpdate #technlogyNews #sportHindiNews

क्रिकेट | टीम इंडिया के स्टार बल्लेबाज और दो फॉर्मेट के कप्तान शुभमन गिल गर्दन की चोट से उबरने के बाद मैदान में लौट आए हैं | साउथ अफ्रीका के खिलाफ टेस्ट सीरीज में चोट के कारण बीच में ही बाहर होने वाले गिल वनडे सीरीज भी नहीं खेल पाए थे लेकिन अब टी20 सीरीज से उन्होंने वापसी की है| हालांकि, यहां उनकी शुरुआत अच्छी नहीं रही और सिर्फ 4 रन बनाकर आउट हो गए थे. इसका फायदा दूसरे बल्लेबाज ने उठाया और अब वो उनसे आगे निकल गया है. ये बल्लेबाज हैं वेस्टइंडीज के वनडे और टी20 कप्तान शे होप, जिनके नाम अब 2025 में सबसे ज्यादा रन हो गए हैं |

होप की न्यूजीलैंड में एक और दमदार पारी

भारत और साउथ अफ्रीका के बीच पहले वनडे मैच में शुभमन गिल नाकाम रहे थे |इसका फायदा वेस्टइंडीज के स्टार बल्लेबाज शे होप ने उठाया | वेस्टइंडीज और न्यूजीलैंड के बीच दूसरे टेस्ट मैच के पहले दिन होप ने एक दमदार पारी खेली. जहां वेस्टइंडीज के मिडिल ऑर्डर के बाकी बल्लेबाजों ने निराश किया वहां, होप ने पारी को संभाले रखा |

न्यूजीलैंड के खिलाफ पहले टेस्ट मैच में शानदार शतक जमाने वाले होप ने अपनी अच्छी फॉर्म जारी रखी | हालांकि, इस बार वो बड़ी पारी तो नहीं खेल सके लेकिन मैच की पहली पहली पारी में उन्होंने टीम के लिए सबसे ज्यादा 48 रन बनाए | इन 48 रन के दम पर ही होप ने साल 2025 में अपने रन की संख्या 47 पारियों में 1749 रन तक पहुंचा दी, जो इस साल पूरी दुनिया में सबसे ज्यादा है. ये रन तीनों फॉर्मेट में मिलाकर हैं|

वापसी कर पाएंगे शुभमन गिल?

दाएं हाथ के बल्लेबाज होप ने इसके साथ ही भारतीय वनडे और टेस्ट कप्तान शुभमन गिल को पीछे छोड़ दिया | गिल के नाम अब तक 2025 में तीनों फॉर्मेट में मिलाकर 40 पारियों में 1736 रन बनाए हैं. ऐसे में वो पहले नंबर से फिसलकर दूसरे पर पहुंच गए हैं. हालांकि, भारतीय टी20 टीम के कप्तान गिल के पास होप से आगे निकलने के कम से कम 4 मौके हैं. भारत-साउथ अफ्रीका टी20 सीरीज में अभी भी 4 मैच बाकी हैं और गिल इन चारों में दमदार स्कोर करते हुए फिर से रिकॉर्ड अपने नाम कर सकते हैं |

ऐसा रहा पहले दिन का खेल

बात अगर न्यूजीलैंड-वेस्टइंडीज टेस्ट मैच की करें तो पहले दिन वेस्टइंडीज ने 66 रन की ओपनिंग पार्टनरशिप के साथ शुरुआत तो अच्छी की थी लेकिन इसके बाद टीम के बल्लेबाज इस आगाज का फायदा नहीं उठा सके | चोट के कारण इस मैच से बाहर होने से पहले तेज गेंदबाज ब्लेयर टिकनर ने 4 विकेट लेते हुए वेस्टइंडीज को सिर्फ 205 रन पर समेट दिया था |उनके अलावा अपना डेब्यू कर रहे 30 साल के पेसर माइकल रे ने भी 3 विकेट हासिल किए |

बंगाल के बौने जोड़े ने की विवाह की नई शुरुआत

#LatestNews #BreakingNews #NewsUpdate #IndiaNews #HindiNews

बालुरघाट (पश्चिम बंगाल) : फेसबुक पर मिले इस बौने जोड़े ने पिछले महीने पश्चिम बंगाल के दक्षिण दिनाजपुर जिले के बालुरघाट में शादी की और तब से उनके घर पर रेगुलर मेहमान आते रहते हैं.

दीपांकर बर्मन (21) ढाई फीट लंबा, और नंदिनी (20) तीन फीट लंबी, अब खुशी से विवाहित हैं, हालांकि आर्थिक रूप से संघर्ष कर रहे हैं.

दोनों के परिवार सही जोड़ा ढूंढने को लेकर परेशान थे, जब तक कि कुछ महीने पहले दोनों फेसबुक के ज़रिए एक-दूसरे से नहीं जुड़ गए. जब वे पहली बार मैसेंजर पर वीडियो कॉल के जरिए मिले, तो उन्हें पता चल गया कि यह जोड़ी स्वर्ग में बनी है. जल्द ही, परिवार एक साथ आए और शादी तय हो गई.

इस बारे में दीपांकर की मां कल्पना रॉय बर्मन ने कहा, “मेरे बेटे का कद छोटा था और वह अपनी उम्र के सभी बच्चों से अलग था. हमने कभी नहीं सोचा था कि उसकी शादी होगी.” उन्होंने कहा, “हम बहुत खुश हैं कि उसे अपनी दुल्हन मिल गई है और अब उसकी शादी हो गई है.”

दीपांकर उर्फ ​​छोटन बालुरघाट ब्लॉक के भाटपारा इलाके के अमताली गांव के सबसे छोटे आदमी हैं और उन्हें म्यूजिकल इंस्ट्रूमेंट बजाना बहुत पसंद है. उनका परिवार टिन और तिरपाल से बने एक छोटे से घर में रहता है.

वहीं इस संबंध में दीपांकर ने कहा, “मैंने पहले एक मैचमेकर से संपर्क किया था, लेकिन वह लंबे समय तक मेरी हाइट की लड़की नहीं ढूंढ पाया. फिर मैं नंदिनी से फेसबुक मैसेंजर पर मिला और उससे फोन पर कॉन्टैक्ट किया. वह दक्षिण दिनाजपुर के बाउल इलाके में अपने चाचा के घर एक शादी में शामिल होने आई थी और मैं उससे मिलने वहां गया.”

दीपांकर ने कहा, “यह पहली नजर का प्यार था. इसके बाद, हमने अपने परिवारों को बताया और उनके आशीर्वाद से शादी कर ली.”

वहीं दुर्गापुर की रहने वाली नंदिनी ने कहा, “जब हम फेसबुक पर मिले थे, तब मुझे दीपांकर पसंद आया था. बाद में वह मुझसे मिलने मेरे चाचा के घर आया. मुझे एहसास हुआ कि हम एक-दूसरे के लिए सही हैं और मैंने शादी करने का फैसला किया. आज, हम एक खुशहाल शादीशुदा ज़िंदगी जी रहे हैं.” नंदिनी की मां चंडी करमोदक ने कहा कि वह अपनी बेटी के भविष्य के बारे में सोचते हुए रातों की नींद हराम कर देती थीं और अब उन्हें राहत मिली है कि उसे अपना जीवन साथी मिल गया है.

विरोध के जोश में ‘होश’ खो बैठी कांग्रेस, प्रदर्शन में अपनी ही पार्टी के खिलाफ लगा दिए ‘मुर्दाबाद’ के नारे

#LatestराजनीतिNews #राजनीतिNews #राजनीतिUpdate #राजनीतिNews #BollywoodHindiNews

सतना। राजनीति में जोश होना अच्छी बात है, लेकिन कभी-कभी ‘अति-उत्साह’ भारी फजीहत का कारण बन जाता है। ऐसा ही कुछ नजारा सतना में देखने को मिला है। यहां मध्यप्रदेश शासन (Madhya Pradesh Government) की राज्यमंत्री प्रतिमा बागरी (Minister of State Pratima Bagri) के भाई की गांजा तस्करी में गिरफ्तारी के विरोध में प्रदर्शन कर रहे युवा कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने एक ऐसा ‘सेल्फ गोल’ कर दिया, जिसने पूरी पार्टी की किरकिरी करा दी है।

सतना जिले के सिविल लाइन चौराहे पर मंत्री प्रतिमा बागरी के खिलाफ प्रदर्शन करने आए कांग्रेसियों की जुबान ऐसी फिसली कि वे अपनी ही पार्टी को कोसने लगे। विरोध के फ्लो में कार्यकर्ताओं ने “कांग्रेस पार्टी मुर्दाबाद” के नारे लगा दिए। अब यह वीडियो सोशल मीडिया जमकर वायरल हो रहा है।

दरअसल, राज्यमंत्री के भाई अनिल बागरी के गांजा तस्करी में पकड़े जाने के बाद कांग्रेस आक्रामक मूड में है। मंगलवार को यूथ कांग्रेस के कार्यकर्ता सतना के सिविल लाइन चौराहे पर प्रदर्शन कर रहे थे। कार्यकर्ता पूरे जोश में थे और एक सुर में प्रतिमा बागरी इस्तीफा दो, भारतीय जनता पार्टी मुर्दाबाद’ के नारे लगा रहे थे। नारेबाजी का यह सिलसिला तेज होता गया और इसी दौरान कार्यकर्ताओं का ध्यान भटक गया। ‘मुर्दाबाद’ के फ्लो में कार्यकर्ता अचानक कांग्रेस पार्टी मुर्दाबाद चिल्लाने लगे। जब तक उन्हें अपनी इस भारी चूक का अहसास होता और वे रुकते, तब तक यह मजेदार वाकया कैमरों में कैद हो चुका था। जो अब सोशल मीडिया में जमकर वायरल हो रहा है।

इस घटना के बाद कांग्रेस पार्टी खुद ही हंसी का पात्र बन गयी है। गौरतलब है कि यह प्रदर्शन एक बेहद गंभीर मुद्दे पर हो रहा था। राज्यमंत्री के सगे भाई और जीजा 46 किलो गांजा तस्करी के आरोप में जेल गए हैं, जिसे लेकर कांग्रेस मंत्री के इस्तीफे की मांग कर रही है। लेकिन इस एक ‘वायरल वीडियो’ ने पूरे विरोध प्रदर्शन की दिशा ही बदल दी और अब चर्चा मंत्री के भाई से ज्यादा कांग्रेस कार्यकर्ताओं की इस चूक की हो रही है।

Previous articleवाराणसी बना देश का पहला शहर जहां दौड़ी हाइड्रोजन वाटर टैक्सी, जानें किराया और रूट
Next articleदक्षिण कोरिया में चौंकाने वाला साइबर हमला उजागर
News Desk

3,000 ड्रोन का खास डिस्प्ले आयोजित, गिनीज वर्ल्ड रिकॉर्ड में नाम दर्ज

#LatestNews #BreakingNews #NewsUpdate #IndiaNews #HindiNews

हैदराबाद: दो दिन के तेलंगाना राइजिंग ग्लोबल समिट के आखिरी सेशन में इतिहास बना, 3,000 ड्रोन के साथ एक खास डिस्प्ले आयोजित किया गया, इसके साथ ही गिनीज वर्ल्ड रिकॉर्ड बन गया. इससे पहले, यह रिकॉर्ड अबू धाबी के नाम था, जिसमें 2,131 ड्रोन दिखाए गए थे. बता दें कि तेलंगाना राइजिंग समिट बड़े टारगेट विजन, 5.75 लाख करोड़ रुपये के बड़े एमओयूएस के साथ खत्म हुआ.

ड्रोन की लाइन ने दुनिया का सबसे लंबा हवाई नारा बनाया: ‘तेलंगाना बढ़ रहा है. आओ और इस बढ़त में शामिल हों.’ इस दौरान आसमान में एक शानदार नजारा दिखा, जिसमें राज्य का विजन 2047 दिखाया गया.

ड्रोन शो मंगलवार रात को भारत फ्यूचर सिटी में हुआ, जिसके तुरंत बाद मुख्यमंत्री ए रेवंत रेड्डी ने इस शानदार इवेंट में डॉक्यूमेंट का अनावरण किया.

इससे पहले, एक रोबोट आकर्षण का केंद्र था, जिसने रेड्डी को विज़न 2047 डॉक्यूमेंट सौंपा. यह डॉक्यूमेंट आरबीआई के पूर्व गवर्नर दुव्वुरी सुब्बा राव, पूर्व मुख्य आर्थिक सलाहकार अरविंद सुब्रमण्यम, नीति आयोग के वीसी सुमन बेरी, महिंद्रा ग्रुप के चेयरमैन आनंद महिंद्रा, तेलुगु अभिनेता के चिरंजीवी और अन्य लोगों की मौजूदगी में जारी किया गया.

 

 

ब्रिटेन के पूर्व प्रधानमंत्री टोनी ब्लेयर ने इस इवेंट को वर्चुअली संबोधित किया. उन्होंने कहा, “2014 में तेलंगाना के बनने से लेकर आज जैसे ऐतिहासिक दिन तक की तरक्की अपने आप में भविष्य के लिए एक मज़बूत वादा है.”

उन्होंने कहा, “शुरुआती मुश्किलों से, राज्य ने खुद को टेक्नोलॉजी, खेती और सबको साथ लेकर चलने वाले विकास के पावरहाउस के तौर पर फिर से सोचा है. कई मायनों में, तेलंगाना दुनिया के दूसरे हिस्सों के लिए एक मॉडल बन गया है.”

वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए शामिल हुए आरबीआई के पूर्व गवर्नर रघुराम राजन ने कहा कि विजन डॉक्यूमेंट में नई टेक्नोलॉजी पर जोर दिया गया है, जिससे गवर्नेंस ज्यादा ट्रांसपेरेंट सहित और असरदार बनेगी.

उन्होंने कहा, “इस विज़न को लागू करने के लिए अगले कदम हैं कार्यान्वयन, लगातार फीडबैक और समय पर कोर्स करेक्शन. मैं इस बदलाव लाने वाले सफर का हिस्सा बनने के लिए उत्सुक हूं.”

सुब्रमण्यम ने कहा कि तेलंगाना सिर्फ भारत के मैप पर ही नहीं, बल्कि देश की आईटी क्रांति के केंद्र के तौर पर ग्लोबल मैप पर भी है. उन्होंने कहा, “विज़न डॉक्यूमेंट अगले संरचनात्मक बदलाव को दिखाता है: एक डायनामिक आईटी-ड्रिवन इकॉनामी से लोगों पर केंद्रित टेक्नोलॉजिकल इकोसिस्टम की ओर बढ़ना. यह राज्य के विकास की राह में एक बड़ा बदलाव दिखाता है.”

सुब्बा राव ने कहा, “तेलंगाना भारत का नंबर एक ग्रोथ स्टेट बन रहा है. हैदराबाद फार्मा, बायो और सर्विसेज़ सेक्टर के हब के तौर पर मज़बूती से खड़ा है. ज़बरदस्त तरक्की, स्किल्ड युवाओं और विकसित तेलंगाना विज़न के साथ, यह राज्य सच में अजेय और बेजोड़ है.” वेरी ने देखा कि वर्ल्ड बैंक क्लासिफिकेशन के अनुसार तेलंगाना पहले ही अपर-मिडिल-इनकम इकॉनामी का स्टेटस पा चुका है — यह एक ऐसी उम्मीद है जिसे भारत अगले पांच सालों में हासिल करना चाहता है.

उन्होंने कहा, “इस संदर्भ में, तेलंगाना की खुद को दुनिया भर में जगह बनाने की इच्छा सही समय पर और सही है. नीति आयोग को इस विज़न को बताने में राज्य का साथ देने का मौका मिला है, और हम तेलंगाना के विकास के हर कदम पर उसके साथ काम करने के लिए तैयार हैं.”

राहुल गांधी की जर्मनी यात्रा पर सियासत, BJP ने बताया “पार्टी करने वाला और पर्यटन का नेता”

#LatestराजनीतिNews #राजनीतिNews #राजनीतिUpdate #राजनीतिNews #BollywoodHindiNews

नई दिल्ली। संसद के शीतकालीन सत्र (Winter Session) के दौरान कांग्रेस (Congress) नेता राहुल गांधी (Rahul Gandhi) जर्मनी की यात्रा (Trip to Germany) पर जाने वाले हैं। वह 15 से 20 दिसंबर तक बर्लिन में भारतीय प्रवासी कांग्रेस के एक कार्यक्रम में भाग लेंगे। वहीं संसद का शीतकालीन सत्र 19 दिसंबर को खत्म हो रहा है। ऐसे में बीजेपी ने राहुल गांधी की विदेश यात्रा पर सवाल उठाए हैं और उन पर निशाना साधा है। वहीं बीजेपी की आलोचनाओं के जवाब में कांग्रेस नेता प्रियंका गांधी ने अपने भाई राहुल गांधी का बचाव किया है और बीजेपी पर पलटवार किया है।

शीतकालीन सत्र के दौरान राहुल गांधी की विदेश यात्रा की बीजेपी ने तीखी आलोचना की है और कहा है कि राहुल कर्तव्यों की उपेक्षा करते हैं। बीजेपी प्रवक्ता शहजाद पूनावाला ने कहा, “राहुल गांधी ने दोबारा साबित किया है कि वह LOP हैं यानी वह लीडर ऑफ पर्यटन और पार्टी करने वाले नेता हैं। राहुल गांधी एक गैर-गंभीर नेता हैं। लोग काम करने के मोड में हैं और राहुल गांधी परमानेंट छुट्टी के मोड में हैं। वह विदेश जाना पसंद करते हैं। जब बिहार में चुनाव थे तब वह जंगल सफारी में थे। वह विदेश के टूर पर थे। अब जब संसद चल रही है तो वह विदेश जा रहे हैं। उनकी प्राथमिकताएं क्लीयर हैं। मुझे नहीं पता कि वह किस रीजन से जर्मनी जा रहे हैं, लेकिन हो सकता है कि वह भारत के खिलाफ जहर उगलने के लिए वहां जा रहे हों। ये भारत बदनामी ब्रिगेड और भारत बदनामी का दौरा है। तो वो एक बार फिर छुट्टी मनाने और भारत को बदनाम करने के लिए विदेश जा रहे हैं।”

केंद्रीय मंत्री प्रह्लाद जोशी ने भी राहुल गांधी की यात्रा पर सवाल उठाए हैं। उन्होंने कहा, “संसद सत्र के दौरान राहुल गांधी अपना ज्यादातर समय विदेश में बिताते हैं और बाद में कहते हैं कि उन्हें बोलने का मौका ही नहीं मिलता। बिहार चुनाव के दौरान भी वे विदेश में ही थे। वे अंशकालिक नेता हैं, गंभीर नेता नहीं हैं।”

प्रह्लाद जोशी ने कहा, “मैं राहुल गांधी से पूछता हूं कि कर्नाटक में जीत के समय आपने क्या कहा था? झारखंड में INDI गठबंधन की जीत के समय, तेलंगाना में आपकी जीत के समय आपने क्या कहा था? लेकिन हारने पर आप ईवीएम और चुनाव आयोग को दोष देते हैं। वे कहते हैं कि जब जीत होती है तो उनकी वजह से होती है, लेकिन जब हार होती है तो व्यवस्था की वजह से होती है।”

राहुल गांधी की विदेश यात्रा पर बीजेपी द्वारा सवाल उठाए जाने के बाद कांग्रेस नेता प्रियंका गांधी का बयान सामने आया और उन्होंने बीजेपी पर पलटवार किया। प्रियंका गांधी ने कहा, “PM नरेंद्र मोदी अपने कार्य समय का लगभग आधा हिस्सा देश से बाहर बिताते हैं तो विपक्ष के नेता की यात्रा पर सवाल क्यों उठाए जा रहे हैं?”

बड़ा बदलाव लागू…अब छात्रों को हर हाल में मानना होगा यह नया नियम, तुरंत पढ़ें गाइडलाइन्स

#LatestNews #BreakingNews #NewsUpdate #IndiaNews #HindiNews

CBSE Exam Guidelines: केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड ने आने वाली कक्षा 10 की बोर्ड परीक्षाओं के लिए एक अहम अपडेट जारी किया है, जिससे छात्रों को उत्तर कॉपी लिखने के तरीके में बड़ा बदलाव करना होगा. यह बदलाव विशेष रूप से कक्षा 10 के साइंस और सोशल साइंस पर लागू होगा. बोर्ड ने यह कदम इवैल्यूएशन की क्वालिटी और ट्रांसपरेंशी को बढ़ाने के लिए उठाया गया है. सभी स्कूलों को साफ निर्देश दिया गया है कि सभी छात्रों को प्री-बोर्ड परीक्षाओं से ही इस नए फॉर्मेट पर प्रैक्टिस करवाई जाए.

ये हुए अहम बदलाव
नए निर्देशों के अनुसार, छात्रों को अब इन दोनों विषयों की उत्तर पुस्तिकाओं में भी क्वेश्चन पेपर के अनुरूप अलग-अलग सेक्शन बनाकर उत्तर देने होंगे. साइंस के क्वेश्चन पेपर को तीन साफ सेक्शन में बांटा जाएगा. जिसमें सेक्शन A जीव विज्ञान, सेक्शन B रसायन विज्ञान और सेक्शन C भौतिक विज्ञान शामिल होंगे. छात्रों को अपनी कॉपी में साफ तौर पर सेक्शन A, सेक्शन B, और सेक्शन C में लिखना होगा. इसके बाद हर उत्तर केवल उसी सेक्शन में लिखना होगा, जिसके क्वेश्चन है.

साइंस के क्वेश्चन पेपर की ही तरह सोशल साइंस के पेपर को चार सेक्शन में बांटा जाएगा. जिसमें सेक्शन A इतिहास, सेक्शन B भूगोल, सेक्शन C राजनीति और सेक्शन D अर्थशास्त्र शामिल हैं. सभी छात्रों को किसी एक सेक्शन के उत्तर को उसी सेक्शन में लिखान होगा और साफ तौर पर अंकित करना होगा.

छात्रों के लिए सख्त चेतावनी
CBSE ने सभी छात्रों को साफ चेतावनी दी है कि किसी भी सेक्शन के उत्तर को दूसरे सेक्शन में लिखना या मिलाना सख्त मना है. अगर छात्र इन नियमों का पालन नहीं करते हैं तो उन उत्तरों के अंक नहीं दिए जाएंगे. बोर्ड ने यह भी साफ किया है कि परिणाम घोषित होने के बाद रिवैल्यूएशन में ऐसी गलतियों को सुधारा नहीं जाएगा.

करांची बंदरगाह के पास गरजेंगे सुखोई- 30एमकेआई और जगुआर लड़ाकू विमान

#LatestNews #BreakingNews #NewsUpdate #IndiaNews #HindiNews

नई दिल्ली। भारत बुधवार को पाकिस्तान के करांची बंदरगाह से करीब अपने सबसे आधुनिक फाइटर जेट्स सुखोई-30 एमकेआई और जगुवार को उतारने जा रहा है। ये विमान फ्रांस और संयुक्त अरब अमीरात के साथ मिलकर अरब सागर के ऊपर एक बड़े पैमाने पर त्रिपक्षीय वायु युद्धाभ्यास की शुरुआत करने जा रहे हैं। इस अभ्यास का मुख्य उद्देश्य तीनों देशों के बीच रक्षा सहयोग को और मजबूत करना और हिंद महासागर क्षेत्र और व्यापक इंडो-पैसिफिक में सैन्य अंतर-संचालन क्षमता को बढ़ाना है। 
मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक भारतीय वायुसेना इस अभ्यास में अपने सबसे शक्तिशाली लड़ाकू विमानों की तैनाती करेगी। इसमें सुखोई-30एमकेआई और जगुआर लड़ाकू विमान शामिल होंगे। इनके साथ आईएल-78 मिड-एयर रिफ्यूलर विमान और एईडब्ल्यूएंडसी विमान भी तैनात किए जाएंगे। ये सभी विमान गुजरात के जामनगर और नलिया एयरबेस से उड़ान भरेंगे। अभ्यास के दौरान गहन युद्ध कुशलता और कॉम्बैट मैन्यूवर्स का प्रदर्शन होगा। फ्रांस और यूएई की ओर से राफेल और मिराज लड़ाकू विमानों के साथ-साथ अन्य विमान हिस्सा लेंगे, जो अल धाफरा एयरबेस से आएंगे। भारत ने इस अभ्यास क्षेत्र के लिए नोटम जारी किया है।
मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक अभ्यास क्षेत्र पाकिस्तान के करांची तट से करीब 200 नॉटिकल मील दूर स्थित है और यह 10-11 दिसंबर तक चलेगा। तीनों देशों ने इससे पहले भी दिसंबर 2024 में डेजर्ट नाइट नाम से ऐसा ही वायु युद्धाभ्यास किया था। अब यह दूसरा मौका है जब भारत, फ्रांस और यूएई एक साथ हवाई युद्ध कौशल का प्रदर्शन करेगा। भारत लगातार क्षेत्रीय देशों, खासकर फारस की खाड़ी के देशों के साथ सैन्य सहयोग बढ़ा रहा है। इसमें फ्रांस, अमेरिका और ऑस्ट्रेलिया जैसे देश भी अहम भागीदार हैं। 
रिपोर्ट के मुताबिक एक वरिष्ठ अधिकारी ने कहा कि द्विपक्षीय, त्रिपक्षीय और बहुपक्षीय अभ्यास रीयल परिचालन वातावरण में लड़ाकू कौशल, रणनीति और प्रक्रियाओं को परिष्कृत करने में मदद करते हैं। बता दें भारत, फ्रांस और यूएई की नौसेनाओं ने जून 2023 में पहली बार त्रिपक्षीय समुद्री अभ्यास किया था। उस अभ्यास में पारंपरिक और गैर-पारंपरिक खतरों से निपटने के लिए समुद्र में कई प्रकार के ऑपरेशंस पर जोर दिया गया था। यह त्रिपक्षीय सहयोग 2022 में तीनों देशों के विदेश मंत्रियों द्वारा शुरू की गई पहल का हिस्सा है। इसके तहत रक्षा, प्रौद्योगिकी, ऊर्जा और पर्यावरण समेत कई क्षेत्रों में सहयोग बढ़ाया जा रहा है।

Previous articleछत्तीसगढ़ में स्टार्टअप संस्कृति को नई उड़ान: टेकस्टार्स स्टार्टअप वीकेंड का सफल आयोजन, युवाओं को मिला वैश्विक मंच
Next articleराशिफल: जानिए, कैसा रहेगा आपका आज का दिन (11 दिसंबर 2025)
News Desk