ऑस्ट्रेलिया की मुश्किलें बढ़ीं, 29 पर चार विकेट गंवाए, इंग्लिस-ग्रीन और डेविड-हेड आउट

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टी20 विश्वकप 2026 में आज 19वें मैच में ऑस्ट्रेलिया का सामना जिम्बाब्वे से जारी है। ऑस्ट्रेलियाई कप्तान ट्रेविस हेड ने टॉस जीतकर पहले गेंदबाजी का फैसला किया। यह मुकाबला कोलंबो के प्रेमदासा स्टेडियम में खेला जा रहा है। जिम्बाब्वे को तेज शुरुआत मिली, लेकिन वह बड़ा स्कोर नहीं बना पाए। जिम्बाब्वे ने 20 ओवर के खेल के बाद दो विकेट गंवाकर 169 रन बनाए। जवाब में ऑस्ट्रेलिया की शुरुआत बेहद खराब रही है।कंगारू टीम मुश्किल में नजर आ रही है। उसने पांच ओवर में ही 29 रन पर चार विकेट गंवा दिए हैं। जोश इंग्लिस आठ रन बनाकर आउट हुए, जबकि कैमरन ग्रीन और टिम डेविड खाता नहीं खोल सके। ब्लेसिंग मुजरबानी ने इंग्लिस और डेविड को आउट किया। वहीं, ब्रैड इवेंस ने ग्रीन को पवेलियन भेजा। कप्तान ट्रेविस हेड को ब्रैड इवेंस ने बोल्ड किया। वह 15 गेंद में 17 रन बना सके। फिलहाल मैट रेनशॉ और ग्लेन मैक्सवेल क्रीज पर हैं।

जिम्बाब्वे की पारी

जिम्बाब्वे को पहला झटका आठवें ओवर में 61 के स्कोर पर लगा। मार्कस स्टोइनिस ने तादिवानाशे मरुमानी को जोश इंग्लिस के हाथों कैच कराया। उन्होंने 21 गेंद में सात चौके की मदद से 35 रन बनाए।जिम्बाब्वे को दूसरा झटका रेयान बर्ल के रूप में लगा। वह 16वें ओवर की आखिरी गेंद पर आउट हुए। बर्ल ने 30 गेंद में चार चौके की मदद से 35 रन बनाए। बर्ल को कैमरन ग्रीन ने पवेलियन भेजा।ब्रायन बेनेट 56 गेंद में सात चौके की मदद से 64 रन बनाकर नाबाद रहे। वहीं, कप्तान सिकंदर रजा ने भी 13 गेंद में दो चौके और एक छक्के की मदद से नाबाद 25 रन बनाए। दोनों ने चौथे विकेट के लिए 24 गेंद में नाबाद 38 रन की साझेदारी की।मिचेल मार्श अब तक फिट नहीं हो सके हैं और वह नहीं खेल रहे। उनकी जगह ट्रेविस हेड ही ऑस्ट्रेलियाई टीम की कमान संभाल रहे हैं। दोनों टीमों ने अपने अभियान की शुरुआत जीत के साथ की है। ऑस्ट्रेलिया ने अपने पहले मैच में आयरलैंड को 67 रनों से हराया था। वहीं जिम्बाब्वे ने ओमान को 8 विकेट से मात दी थी। ऐसे में यह मुकाबला ग्रुप बी में शीर्ष स्थान के लिए अहम साबित हो सकता है।

दोनों टीमों की प्लेइंग-11

ऑस्ट्रेलिया: ट्रेविस हेड (कप्तान), जोश इंग्लिस (विकेटकीपर), कैमरन ग्रीन, मैट रेनशॉ, ग्लेन मैक्सवेल, टिम डेविड, मार्कस स्टोइनिस, बेन ड्वारशुइस, नाथन एलिस, एडम जैम्पा, मैथ्यू कुहनेमन।
जिम्बाब्वे: ब्रायन बेनेट, तादिवानाशे मरुमानी (विकेटकीपर), डियोन मायर्स, सिकंदर रजा (कप्तान), रयान बर्ल, टोनी मुन्योंगा, ताशिंगा मुसेकिवा, ब्रैड इवांस, वेलिंग्टन मसाकाद्जा, ग्राहेम क्रेमर, ब्लेसिंग मुजरबानी।

फ्रांस के साथ बड़ी डिफेंस डील को मंजूरी…सेना की बढ़ेगी ताकत

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नई दिल्ली। देश की सुरक्षा व्यवस्था को फुलप्रूफ बनाने की दिशा में एक बड़ा कदम उठाते हुए रक्षा अधिग्रहण परिषद यानी डीएसी ने एक ऐतिहासिक खरीद को मंजूरी दी है। परिषद ने भारतीय वायुसेना के लिए 114 राफेल लड़ाकू विमानों और नौसेना के लिए 6पी-8आई पोसीडॉन समुद्री निगरानी विमानों की खरीद के प्रस्ताव पर मुहर लगा दी है। इसे भारत की अब तक की सबसे बड़ी रक्षा खरीद योजनाओं में से एक माना जा रहा है, जिसकी अनुमानित लागत लगभग 3.25 लाख करोड़ रुपये बताई गई है।
इस सौदे का सबसे अहम पहलू वायुसेना की गिरती स्क्वाड्रन संख्या को संभालना है। 114 नए राफेल विमानों के शामिल होने से भारतीय वायुसेना को 6 से 7 नए स्क्वाड्रन मिलेंगे। वर्तमान में वायुसेना के पास लगभग 30 स्क्वाड्रन हैं, जबकि देश की सुरक्षा जरूरतों को पूरा करने के लिए 42 स्क्वाड्रन की आवश्यकता है। डीएसी की मंजूरी मिलने के बाद अब यह प्रस्ताव अंतिम स्वीकृति के लिए कैबिनेट कमेटी ऑन सिक्योरिटी (सीसीएस) के पास भेजा जाएगा।

नौसेना की समुद्री निगरानी भी होगी मजबूत
आसमान के साथ-साथ समंदर में भी भारत की निगरानी क्षमता बढऩे वाली है। डीएसी ने नौसेना के बेड़े में 6 नए 6पी-8आई एयरक्राफ्ट जोडऩे को मंजूरी दी है। भारतीय नौसेना पहले से ही 12 6पी-8आई  विमानों का संचालन कर रही है। इन नए विमानों के आने से हिंद महासागर क्षेत्र में समुद्री निगरानी और पनडुब्बी रोधी (एंटी सबमरीन) क्षमता को और अधिक मजबूती मिलेगी।

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बैन होने के बाद भी पाकिस्तान में जमकर बिक रही ‘धुरंधर’ की पाइरेटेड डीवीडी, कीमत सुनकर उड़ जाएंगे होश

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कार्ल रॉक भारत में रहने वाले एक न्यूजीलैंड के ब्लॉगर और यूट्यूबर हैं। जिनके हाल के एक पाकिस्तान से जुड़े वीडियो ने सोशल मीडिया पर तहलका मचा दिया है। पाकिस्तान में धुरंधर फिल्म के बैन होने के बावजूद उन्हें कराची के रेनबो सेंटर में इस फिल्म की पाइरेटेड डीवीडी मिली। भारत-अमेरिका अंतरिम व्यापार समझौता: रणनीतिक साझेदारी की नई शुरुआत, आत्मनिर्भर भारत की ओर एक कदम

तमन्ना भाटिया

‘रागिनी 3’ में तमन्ना भाटिया संग मिलकर डराएगा ये स्टार किड, शशांक घोष ने संभाली निर्देशन की कमान

फरहान अख्तर

हॉलीवुड बना फरहान अख्तर का लक्ष्य, ‘द बीटल्स’ फिल्म में अभिनय को लेकर लगी अटकलें, जानें निभाएंगे कौन सा रोल?

कीमत जानकर रह गए दंग 

बता दें, कराची का रेनबो सेंटर पाइरेटेड कॉन्टेंट का हब माना जाता है। वहां पहुंचे कार्ल रॉक ने वीडियो में हैरानी जताते हुए कहा, ‘पाकिस्तान में भारतीय फिल्में बैन हैं, लेकिन देखिए मुझे क्या मिला।’ इस पर दुकानदार ने जवाब दिया, ‘यह एक इंडियन फिल्म है, ‘धुरंधर’। यह हाल ही में रिलीज हुई है।’ जब रॉक ने कीमत पूछी, तो दुकानदार ने कहा, ‘सर, यह 50 पाकिस्तानी रुपये (लगभग 16 भारतीय रुपये) की है।’

यूजर्स ने पाकिस्तान को किया ट्रोल 

भारतीय सोशल मीडिया यूजर्स भी इसे देखकर हैरान रह गए। खासकर इस बात पर कि पाकिस्तान में अभी भी पाइरेटेड फिल्मों की सीडी और पेनड्राइव बेची जा रही हैं। एक यूजर ने कमेंट किया, ‘जिस फिल्म पाकिस्तान को खराब दिखाया गया है, वही पाकिस्तान में पसंद की जा रही है, lol।’ एक और यूजर ने लिखा, ‘आज के समय में भी पाकिस्तान में पाइरेटेड डीवीडी बेची जा रही है। हमारे यहां 15 साल पहले पाइरेटेड फिल्मों की सीडी लाते थे।’कई लोग इस बात से भी चौंक गए कि पाकिस्तान में अब भी सीडी और पेनड्राइव जैसी चीजों का चलन है। एक ने लिखा, ‘क्या पाकिस्तान में अभी भी पेनड्राइव और सीडी पर फिल्में खरीदी जा रही हैं? हमारे यहां तो यह ट्रेंड कम से कम 10 साल पहले खत्म हो गया।’‘धुरंधर’ 30 जनवरी को नेटफ्लिक्स पर रिलीज हुई थी और रिलीज होते ही भारत और पाकिस्तान दोनों जगह नेटफ्लिक्स की साप्ताहिक टॉप 10 लिस्ट में पहले नंबर पर पहुंच गई, जबकि पाकिस्तान सरकार ने इस फिल्म पर बैन लगाया हुआ है।

MP PCC ने 4 जिलों की कार्यकारिणी भंग की

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भोपाल।  मध्य प्रदेश कांग्रेस ने संगठनात्मक ढांचे में अनुशासन और संतुलन कायम करने के उद्देश्य से बड़ा निर्णय लेते हुए छिंदवाड़ा, सागर, मऊगंज और झाबुआ जिलों की कार्यकारिणी भंग कर दी है. यह कदम अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी (AICC) द्वारा जारी नई गाइडलाइन के बाद उठाया गया है, जिसमें जिलों में पदाधिकारियों की संख्या सीमित रखने के स्पष्ट निर्देश दिए गए हैं. हालांकि, अब कांग्रेस के सामने मशक्कत ज्यादा होगी कि बाकी के जिलों में कार्यकर्ताओं को जिम्मेदारी दी जाए।

क्या हैं AICC के निर्देश?

AICC ने सभी राज्यों को निर्देशित किया है कि छोटे जिलों में कार्यकारिणी की अधिकतम सदस्य संख्या 31 और बड़े जिलों में 51 से अधिक नहीं होनी चाहिए।

पार्टी का मानना है कि अत्यधिक बड़े संगठनात्मक ढांचे से कार्यकुशलता प्रभावित होती है और जवाबदेही कमजोर पड़ती है।

इसी के मद्देनजर राज्यों को संतुलित और प्रभावी कार्यकारिणी बनाने के लिए कहा गया है।

दिलचस्प बात यह है कि केंद्रीय निर्देश जारी होने के दो दिन पहले ही इन चारों जिलों में नई कार्यकारिणियों की घोषणा की गई थी।

विशेष रूप से छिंदवाड़ा जिले में 250 से अधिक पदाधिकारी बनाए जाने की जानकारी सामने आई, जिसके बाद संगठन के भीतर ही इस पर सवाल खड़े होने लगे।

इसे लेकर केंद्रीय नेतृत्व ने गंभीरता दिखाई और राज्य इकाई से स्पष्टीकरण मांगा।

भारी भरकम नहीं बल्कि छोटी होगी कार्यकारिणी

सूत्रों के अनुसार प्रदेश कांग्रेस नेतृत्व ने स्थिति की समीक्षा के बाद तत्काल प्रभाव से चारों जिलों की कार्यकारिणी निरस्त कर दी. अब नई गाइडलाइन के अनुरूप सीमित, सक्रिय और जिम्मेदार टीम का गठन किया जाएगा. पार्टी का उद्देश्य है कि संगठन में केवल सक्रिय कार्यकर्ताओं को जिम्मेदारी मिले और पदों का अनावश्यक विस्तार रोका जाए।

राजनीतिक जानकारों का मानना है कि यह कदम आगामी चुनावी तैयारियों को ध्यान में रखते हुए संगठन को चुस्त-दुरुस्त करने की दिशा में उठाया गया है. कांग्रेस नेतृत्व अब जमीनी स्तर पर मजबूत संरचना खड़ी करने पर जोर दे रहा है, ताकि बूथ स्तर तक प्रभावी तालमेल बनाया जा सके।

फीडबैक लेने के लिए संभागों में निकले जीतू

प्रदेश कांग्रेस जल्द ही चारों जिलों में नए सिरे से कार्यकारिणी गठन की प्रक्रिया शुरू करेगी. माना जा रहा है कि इस बार सदस्य संख्या सीमित रखते हुए कार्यक्षमता और प्रदर्शन को प्राथमिकता दी जाएगी. इसके साथ ही बाकी जिलों की भी कार्यकारिणी का भी गठन किया जाएगा. PCC चीफ जीतू पटवारी फिलहाल मध्य प्रदेश के अलग-अलग संभागों में जाकर बैठक कर रहे हैं और फीडबैक ले रहे हैं।

उस्मान तारिक को लेकर भारत की क्या है तैयारी? ईशान किशन ने खोला राज

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IND vs PAK: आईसीसी टी20 वर्ल्ड कप 2026 में 15 फरवरी को भारत और पाकिस्तान के बीच होने वाला महामुकाबला मैदान के बाहर भी दिलचस्प होता जा रहा है. इस हाई-वोल्टेज मैच से पहले टीम इंडिया के विकेटकीपर-बल्लेबाज ईशान किशन ने पाकिस्तान के स्पिनर उस्मान तारिक को लेकर टीम की रणनीति पर खुलकर बात की है.

ईशान किशन ने बताया भारत का मास्टर प्लान

दरअसल, नामीबिया के खिलाफ खेले गए मैच में भारतीय टीम ने शानदार प्रदर्शन करते हुए 93 रन की जीत दर्ज की. भारत की इस जीत के हीरो ईशान किशन और हार्दिक पंड्या रहे. मैच के बाद पोस्ट मैच प्रेजेंटेशन के दौरान ईशान किशन ने पाकिस्तान के स्पिनर उस्मान तारिक की गेंदबाजी को लेकर चर्चा की. उन्होनें कहा कि भारत अपनी तैयारी कर चुका है और अब हमारा फोकस मैदान पर गेंद देखकर स्वतंत्र खेल खेलने पर होगा. उनके मुताबिक इस फॉर्मैट में बल्लेबाज के तौर पर सोचने से बेहतर मौके का फायदा उठाना जरूरी होता है.

ईशान के मुताबिक ऐसे मौकों पर कोई अलग तैयारी करने की जरूरत नहीं होती. कुछ वीडियो देखकर गेंदबाज की रणनीति का फायदा उठाया जा सकता है. आगे उन्होंने कहा कि हमारी टीम चीजों को सरल रखने और अपनी ताकत पर भरोसा रखती है.

20 गेंदों में जड़ा अर्धशतक

भारत और नामीबिया के बीच 12 फरवरी को खेले गए मैच में भारतीय विकेटकीपर बल्लेबाज ईशान किशन जबरदस्त फॉर्म में नजर आए. इस मैच में उन्होंने ओपनिंग करते हुए 6 चौकों और 5 छक्कों की मदद से 24 गेंदों में 61 रन की तूफानी पारी खेली. इस दौरान उन्होंने महज 20 गेंदों में अपना अर्धशतक पूरा किया. इसी के साथ वह इस टूर्नामेंट में भारत के लिए सबसे तेज अर्धशतक जड़ने वाले बल्लेबाज बन गए हैं.

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राफेल के बाद S-400 के लिए मिसाइलें खरीदेगा भारत, रूस के साथ डील डन, Op सिंदूर में पाक के लिए बनी थीं काल

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S-400 Deal: रक्षा मंत्रालय ने गुरुवार को बड़ा फैसला लिया है. भारतीय सेना की ताकत को बढ़ाने के लिए रूस से एस-400 वायु रक्षा प्रणाली के लिए 288 मिसाइलें खरीदने की मंजूरी दी है. इसके अलावा फ्रांस से 114 लड़ाकू विमान और अमेरिका से 6 समुद्री निगरानी विमान खरीदने को मंजूरी मिल गई है. रक्षा मंत्रालय की इस बैठक में करीब 3 लाख 60 हजार करोड़ रुपए के रक्षा प्रस्तावों को मंजूरी मिल गई है. अब प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अगुआई वाली कमिटी अंतिम मुहर लगाएगी. खास बात यह है कि इसमें ज्यादातर हथियार ‘मेड इन इंडिया’ पर जोर दिया गया है. यहां जानें किन-किन हथियारों को मिली मंजूरी?

ऑपरेशन सिंदूर के समय S-400 की ताकत को दुनिया ने देखा. इस दौरान पहले से मौजूद मिसाइलें खर्च हो गईं, जिसकी वजह से सेना के भंडार में कमी आई. इस कमी को पूरा करने के लिए रक्षा मंत्रालय ने 288 मिसाइलें खरीदने की मंजूरी दे दी है, जो लगभग 10 हजार करोड़ रुपए की कीमत का पड़ेगा. रक्षा मंत्रालय ने जिन मिसाइलों को खरीद की मंजूरी दी है, उसमें 120 छोटी दूरी की और 168 लंबी दूरी की मिसाइलें शामिल हैं. इन्हें बहुत जल्दी खरीदने की प्रक्रिया पर काम चल रहा है. ताकि भारतीय सेना पूरी ताकत के साथ तैयार रहे.

Op सिंदूर में दिखाया था जलवा

इस डील के साथ ही रूस से अभी बचे हुए दो S-400 के दस्ते जून और नवंबर के महीने में आने वाले हैं. गुरुवार को रक्षा मंत्रालय की बैठक में जिस मिसाइल की डील हुई, उसमें S-400 के लिए 40 किलोमीटर, 150 किलोमीटर, 200 किलोमीटर और 400 किलोमीटर दूरी तक मारक क्षमता वाली मिसाइलें खरीदी जाएंगी. ये मिसाइलें इतनी ताकतवर होती हैं कि अपने दुश्मनों को जमीन से हवा में नष्ट कर देंगी. इन मिसाइलों को उपयोग हाल ही में हुए ऑपरेशन सिंदूर के दौरान किया गया था, जिसमें सेना ने पाकिस्तान के 314 किलोमीटर अंदर घुसकर निशाना लगाया था.

3 लाख 60 हजार करोड़ के रक्षा प्रस्ताव की मंजूरी

S-400 के लिए मिसाइलों के अलावा DAC ने गुरुवार को लगभग 3 लाख 25 हजार करोड़ रुपए की कीमत के 114 अतिरिक्त राफेल खरीदने की मंजूरी दी है. अभी भारत के पास सिर्फ 36 राफेल है. अमेरिका से जिन 6 समुद्री निगरानी विमान खरीदने पर मुहर लगाया गया है, उनका सौदा करीब 30 हजार करोड़ रुपए में हुआ है. यानी कुल मिलाकर 3 लाख 60 हजार करोड़ रुपए के रक्षा प्रस्तावों को मंजूरी दी गई है.

भाजपा ने की राहुल गांधी की सांसदी रद्द करने की मांग, पेश किया मूल प्रस्ताव

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नई दिल्ली। भाजपा ने गुरुवार को विपक्ष के नेता राहुल गांधी पर पलटवार करते हुए कहा कि उन्होंने यूएस के साथ ट्रेड डील को लेकर सरकार पर झूठा आरोप लगाकर हमला किया। उन्होंने लोकसभा में कांग्रेस नेता के खिलाफ एक मूल प्रस्ताव पेश किया। यह प्रस्ताव लेजिस्लेटिव बॉडी में एक टूल है ताकि प्रस्ताव स्वीकार होने पर उस पर चर्चा और फैसला हो सके। फैसला वोटों के माध्यम से होता है। यह प्रस्ताव कोई भी सदस्य पेश कर सकता है। भाजपा के सांसद निशिकांत दुबे ने कहा कि उन्होंने नोटिस में बताया है कि राहुल गांधी सोरोस फाउंडेशन, फोर्ड फाउंडेशन और एसएआईडी के साथ जुड़े हैं और भारत विरोधी गतिविधियों में शामिल होने के लिए थाईलैंड, कंबोडिया, वियतनाम और यूएस जैसे देशों की यात्रा की है।
अपने नोटिस में, बीजेपी सांसद ने कहा कि नेता प्रतिपक्ष ने विदेशी संगठनों की मदद से बहुत चालाकी से संसद के सबसे पवित्र मंच पर कब्जा कर लिया है ताकि लोगों की भावनाएं भडक़ाई जा सकें, न केवल भारत के चुनाव आयोग बल्कि हमारे माननीय सुप्रीम कोर्ट के खिलाफ भी बेबुनियाद आरोप लगाए हैं, बिना किसी ठोस सबूत के सरकार की इज्जत कम की है और कई दूसरे संस्थानों को गलत तरह से दिखाया है। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि राहुल गलत कामों की दुनिया में चले गए हैं और ‘भारत को अंदर से अस्थिर करने वाले ठग गैंग’ का एक बड़ा हिस्सा बन गए हैं। उन्होंने आगे कहा कि संसद के अंदर और बाहर उनके लगातार और सोचे-समझे काम हमारे देश के लिए नुकसानदायक हैं, जो देश के कोने-कोने में चर्चा का एक गंभीर मुद्दा है। उन्होंने अपने नोटिस में कहा कि अगर मैं, एक जिम्मेदार पब्लिक रिप्रेजेंटेटिव के तौर पर – भले ही मेरा असर कम हो और बैकग्राउंड भी साधारण हो – यह बात आपके ध्यान में नहीं लाता, तो मैं अपने देश की एकता, अखंडता और संप्रभुता को बनाए रखने की अपनी संवैधानिक जिम्मेदारी के साथ न्याय नहीं कर पाऊंगा। इसे देखते हुए, मैं नीचे दिए गए चार गंभीर कामों को आपके ध्यान में लाना चाहता हूं।

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भारत के पास अब दुनिया की ग्लोबल जीडीपी के 70 प्रतिशत हिस्से तक सीधी पहुंच

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नई दिल्ली। भारत के पास अब दुनिया की ग्लोबल जीडीपी के 70 प्रतिशत हिस्से तक सीधी पहुंच है और ज्यादातर वैश्विक बाजारों में भारतीय निर्यात पर जीरो ड्यूटी है। यह बयान वाणिज्य और उद्योग मंत्री पीयूष गोयल ने गुरुवार को दिया। राष्ट्रीय राजधानी में एक इवेंट में गोयल ने कहा कि भारत ने पिछले तीन वर्षों में 38 देशों के साथ नौ फ्री ट्रेड एग्रीमेंट (एफटीए) किए हैं। इसमें उच्च आय वर्ग वाले देश भी शामिल हैं और दुनिया के ज्यादातर विकसित बाजारों तक अब भारतीय निर्यातकों की पहुंच है। केंद्रीय मंत्री ने कहा कि 27-राष्ट्रों के ब्लॉक यूरोपीय संध, चार-राष्ट्र के ब्लॉक ईएफटीए, यूके, ऑस्ट्रेलिया और न्यूजीलैंड, संयुक्त राज्य अमेरिका के साथ भारत ट्रेड डील कर चुका है, जबकि जापान और कोरिया आसियान देशों के साथ व्यापार समझौते पहले संपन्न हुए थे।
गोयल ने भारत के मेडटेक सेक्टर के आग्रह किया कि वह घरेलू बाजार से आगे बढ़कर देखें और भारत के व्यापार समझौतों का लाभ उठाएं, जो कि दुनिया की 70 प्रतिशत जीडीपी तक पहुंच प्रदान करते हैं।
मंत्री ने कहा कि सस्ती और स्केलेबल मेडिकल टेक्नोलॉजी भारत के दूरदराज के हिस्सों तक पहुंचने में मदद कर सकती है और अफ्रीका, लैटिन अमेरिका, मध्य एशिया, दक्षिण पूर्व एशिया और विकसित अर्थव्यवस्थाओं के वैश्विक बाजारों तक भी पहुंच बना सकती है।
मंत्री के अनुसार, स्टार्टअप को खुद को घरेलू बाजार तक सीमित नहीं रखना चाहिए और वैश्विक मेलों और प्रदर्शनियों में भाग लेना चाहिए।
उन्होंने आश्वासन दिया कि वाणिज्य मंत्रालय प्रतिनिधिमंडलों का समर्थन करेगा और 190 से अधिक देशों में भारत के मिशन नवप्रवर्तकों की सहायता के लिए उपलब्ध हैं। 

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 पीएम मोदी और शाह से मिली सुनेत्रा पवार……..शरद गुट के साथ विलीनीकरण का मुद्दा ठड़े बस्ते में 

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मुंबई। महाराष्ट्र की नवनियुक्त उपमुख्यमंत्री सुनेत्रा पवार ने दिल्ली में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह से मुलाकात की। अपने पति और एनसीपी नेता अजित पवार के आकस्मिक निधन के बाद पदभार संभालने वाली सुनेत्रा का यह पहला दिल्ली दौरा है। 
सुनेत्रा के साथ इस दौरे पर उनके दोनों बेटे, पार्थ और जय, तथा एनसीपी के वरिष्ठ नेता व राज्यसभा सांसद प्रफुल्ल पटेल और सुनील तटकरे भी मौजूद थे। इस दौरान प्रधानमंत्री मोदी ने अजित पवार के निधन पर गहरा दुख जताया और सुनेत्रा पवार को उनके नए उत्तरदायित्व के लिए केंद्र के पूर्ण समर्थन का भरोसा दिया। 
इन चर्चाओं के विपरीत, एनसीपी (अजित पवार गुट) के नेताओं ने स्पष्ट किया कि शरद पवार गुट के साथ विलीनीकरण का मुद्दा वर्तमान एजेंडे में शामिल नहीं है। पार्टी के कई विधायक विलीनीकरण के विचार का कड़ा विरोध कर रहे हैं।
एनसीपी का अजित पवार गुट मर्जर का विरोध जारी रखे हुए है। अजित के साथ जुड़े नेताओं ने किसी भी तरह के कंसोलिडेशन के साथ जाने से मना किया है। दौरे के दौरान एनसीपी और एनसीपी (एसपी) के मर्जर के बारे में कोई चर्चा नहीं हुई, और यह एजेंडा में भी नहीं था।
बात दें कि सुनेत्रा पवार ने अभी तक राज्यसभा से इस्तीफा नहीं दिया है। वह फिलहाल अपने अगले पॉलिटिकल कदम के बारे में “वेट एंड वॉच” अप्रोच अपना रही हैं। वहीं सुनेत्रा को नेशनल प्रेसिडेंट बनाने पर पार्टी में आम सहमति है।
नेशनल प्रेसिडेंट बनाने का प्रोसेस फरवरी के आखिर तक शुरू होने की उम्मीद है। इन कदमों को फॉर्मल बनाने के लिए मुंबई में नेशनल एग्जीक्यूटिव की मीटिंग होगी। वहीं खबर है कि पार्टी पार्थ पवार को राज्यसभा भेजने को लेकर पॉजिटिव है।

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पश्चिम बंगाल  में महिला नर्स की निपाह वायरस संक्रमण के बाद मौत 

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उत्तर 24 परगना । पश्चिम बंगाल के उत्तर 24 परगना जिले के बारासात स्थित एक निजी अस्पताल में 25 वर्षीय  महिला नर्स की निपाह वायरस संक्रमण के बाद मौत हो गई। राज्य के हालिया इतिहास में यह निपाह से जुड़ी पहली मृत्यु बताई जा रही है, जिससे स्वास्थ्य महकमे में सतर्कता बढ़ा दी गई है।
अस्पताल सूत्रों के मुताबिक, नर्स की स्थिति पिछले कुछ दिनों से बेहद नाजुक थी। भले ही हाल में उनकी जांच रिपोर्ट निगेटिव आई थी, लेकिन शारीरिक हालत में सुधार नहीं हो सका। उन्हें लंबे समय तक क्रिटिकल केयर यूनिट  में रखा गया था। हालत बिगड़ने पर बुधवार को वेंटिलेटर सपोर्ट पर शिफ्ट किया गया, जहां गुरुवार शाम करीब 4 बजे उन्होंने दम तोड़ दिया।
इसी अस्पताल के नर्सिंग स्टाफ के दो सदस्यों में निपाह संक्रमण की पुष्टि हुई थी। दोनों को भर्ती कर इलाज शुरू किया गया था। जनवरी में एक पुरुष नर्स पूरी तरह स्वस्थ होकर घर लौट गया, लेकिन महिला नर्स की हालत लगातार गंभीर बनी रही। निपाह वायरस व्यक्ति से व्यक्ति में फैलने की क्षमता रखता है, खासकर संक्रमित तरल पदार्थों के संपर्क से। संक्रमण की आशंका के बाद कई एशियाई देशों ने अतीत में हवाई अड्डों पर निगरानी बढ़ाई थी, क्योंकि यह वायरस सीमापार भी फैल सकता है।
निपाह एक ज़ूनोटिक वायरस है, यानी यह जानवरों से मनुष्यों में फैलता है। फल खाने वाले चमगादड़ों को इसका मुख्य स्रोत माना जाता है। इनके लार, मल या पेशाब से दूषित खाद्य पदार्थ- खासकर खजूर का कच्चा रस- संक्रमण का माध्यम बन सकते हैं। सूअरों के जरिए भी इसके फैलने के मामले सामने आए हैं। संक्रमित व्यक्ति के निकट संपर्क से भी यह बीमारी आगे बढ़ सकती है, हालांकि यह कोविड-19 की तरह तेज़ी से नहीं फैलती। संक्रमण के लक्षण आमतौर पर 4 से 21 दिनों के भीतर दिखते हैं। शुरुआती संकेतों में बुखार, सिरदर्द और खांसी शामिल हैं, जो बाद में गंभीर निमोनिया या मस्तिष्क में सूजन (एन्सेफलाइटिस) का रूप ले सकते हैं। 

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