DGP-IGP कॉन्फ्रेंस में सीक्रेट ऑपरेशंस पर चर्चा? PM मोदी और शाह ने पैरामिलिट्री से ली खास जानकारी”

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DGP-IGP Conference 2025: रायपुर में चल रहे डीजीपी-आईजीपी कॉन्फ्रेंस (DGP-IGP Conference) का आज दूसरा दिन है. सुबह करीब 8:25 बजे पीएम मोदी IIM नवा रायपुर पहुंचे, जहां उन्होंने 60वें अखिल भारतीय DGP-IG कॉन्फ्रेंस के दूसरे दिन की बैठक में हिस्सा लिया. इस दौरान राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार अजीत डोभाल सहित देशभर की पुलिस और सुरक्षा एजेंसियों के शीर्ष अधिकारी मौजूद रहे.

पैरामिलट्री फोर्सेस के साथ की चर्चा
कॉन्फ्रेंस में पीएम नरेंद्र मोदी और गृह मंत्री अमित शाह ने पैरामिलिट्री फोर्सेस के अधिकारियों से चर्चा की है. चर्चा के दौरान एंटी-नक्सल ऑपरेशन, पाकिस्तान, बांग्लादेश सीमा राज्यों पर फोर्स के काम पर पीएम और गृह मंत्री ने समीक्षा की है. कॉन्फ्रेंस में हाल ही में हुए ऑपरेशन की जानकारी भी अधिकारियों ने प्रधानमंत्री और केंद्रीय गृह मंत्री को दी. BSF, CRPF, ITBP, CISF जैसी तमाम CAPF फोर्सेस के अधिकारियों के साथ यह महत्वपूर्ण चर्चा हुई.

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मंत्रिमंडल विस्तार पर सस्पेंस…CM नीतीश अगले महीने लेंगे बड़ा फैसला, किसके सिर सजेगा ताज?

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Cabinet expansion of Nitish government: बिहार में प्रचंड बहुमत के बाद एनडीए की सरकार बनने के बाद अब जल्द ही मंत्रिमंडल का विस्तार देखने को मिल सकता है. जेडीयू(JDU) और बीजेपी(BJP) के नेतृत्व नीतीश सरकार में अगले महीने कैबिनेट विस्तार (cabinet expansion) की तैयारी जोरों पर है. जानकारी के मुताबिक जेडीयू अपने कोटे के खाली पदों को जल्दी भरने की रणनीति बना रही है.

JDU के 6 और BJP के 3 पद खाली

जानकारी के मुताबिक राज्य में फिलहाल कुल 9 मंत्री पद खाली हैं, जिनमें जेडीयू के 6 और बीजेपी के 3 पद शामिल हैं. बताया जा रहा है कि जेडीयू अपने कोटे के खाली पदों को जल्दी भरने की रणनीति बना रही है, खासकर उन विधायकों को, जो जातिगत और सामाजिक समीकरण (social & caste arithmetic) में पार्टी की मजबूती बढ़ा सकें.

क्यों पड़ रही है कैबिनेट विस्तार की जरूरत

बिहार में विधानसभा चुनाव 2025 के बाद बनी नई सरकार ने कामकाज शुरू कर दिया है. सरकार में 36 मंत्रियों तक मंत्रिपरिषद का चयन किया जा सकता है, लेकिन अभी 9 पद खाली हैं. जेडीयू और बीजेपी दोनों ही अपने-अपने हिस्से से मंत्रियों की संख्या पूरी करना चाहते हैं, ताकि सत्ता संतुलन बना रहे और राज्य में शासन-कार्य सुचारू रहे. 

विशेषकर जेडीयू के लिए यह मौका महत्वपूर्ण है. पार्टी का जोर इस बार उन विधायकों पर है, जो कुशवाहा, EBC (बहु-पिछड़ा वर्ग) या अन्य OBC/सामाजिक समूहों से आते हैं. इससे पार्टी को सामाजिक आधार मजबूत करने और अगले चुनावों के लिए रणनीतिक लाभ लेने का मौका मिलेगा.

किन विधायकों पर है नजर

जानकारी मिल रही है कि जेडीयू वो चेहरे चुनना चाहती है, जो कुशवाहा जाति या EBC-वर्ग से हों.  माना जा रहा है कि इन सामाजिक-जातीय समीकरणों को ध्यान में रखते हुए ही नई सूची तैयार की जा रही है. पार्टी इस विस्तार के दौरान सामाजिक संतुलन के साथ-साथ राजनीतिक मजबूती दोनों हासिल करना चाहती है. जाहिर सी बात है कि इस विस्तार का मतलब सिर्फ पदों की भरपाई भर नहीं है. इससे राज्य में जातीय-सामाजिक समीकरण, सत्ता संतुलन और शक्ति वितरण की तस्वीर भी बदल सकती है.

दूसरे दिन भी बसें ठप, महिलाओं की मुफ्त यात्रा पर बड़ा असर

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पटियाला/होशियारपुर/लुधियाना/संगरूर / पंजाब रोडवेज, PUNBUS और PRTC के कॉन्ट्रैक्ट कर्मचारियों की हड़ताल शनिवार को दूसरे दिन भी जारी रही। बसें न चलने की वजह से आम यात्रियों को भारी परेशानी हुई। खासकर महिलाओं को मुफ्त यात्रा न होने की वजह से नुकसान उठाना पड़ा और उन्हें प्राइवेट बसों में टिकट खरीदकर सफर करना पड़ा। कर्मचारियों का गुस्सा इसलिए है क्योंकि सरकार किलोमीटर स्कीम के तहत टेंडर खोल रही है। उनका आरोप है कि यह सरकारी बसों को खत्म करने और प्राइवेट ऑपरेटरों को फायदा पहुंचाने की ‘पीछे के दरवाजे’ वाली चाल है। प्राइवेट बसें सरकारी रूटों पर चलेंगी और हजारों कर्मचारियों की नौकरी खतरे में पड़ जाएगी।
 
‘हमारे 4 बड़े लीडर अभी भी पुलिस हिरासत में हैं’
होशियारपुर में PUNBUS कॉन्ट्रैक्ट वर्कर्स यूनियन के सीनियर वाइस प्रेसिडेंट संदीप सिंह ने बताया, ‘हमारे 4 बड़े लीडर अभी भी पुलिस हिरासत में हैं, स्टेट कमेटी मेंबर कुलवंत सिंह, डिस्ट्रिक्ट प्रेसिडेंट रामिंदर सिंह, सेक्रेटरी नरिंदर सिंह और कैशियर धर्मिंदर सिंह। जब तक ये रिहा नहीं होंगे, किलोमीटर स्कीम के टेंडर रद्द नहीं होंगे और कॉन्ट्रैक्ट कर्मचारियों को पक्का नहीं किया जाएगा, तब तक हमारा धरना और हड़ताल जारी रहेगी।’ संदीप सिंह ने सरकार पर तीखा हमला बोलते हुए कहा, ‘पिछले 4 साल में पंजाब रोडवेज़ को एक भी नई बस नहीं दी गई। 500 से ज्यादा पुरानी बसें सड़क से बाहर हो चुकी हैं। जो बसें चल रही हैं, उनमें भी बड़े-बड़े रिपेयर की जरूरत है। टायर तक खरीदने के पैसे नहीं हैं। मेंटेनेंस के लिए फंड ही नहीं है।’

धुरी थाने के SHO की यूनिफॉर्म में लगी आग, झुलसे
शुक्रवार को हड़ताल शुरू होने से पहले ही पुलिस ने कई यूनियन लीडरों को हिरासत में ले लिया था। इसके बाद कई जगह कर्मचारियों और पुलिस में झड़प हुई। संगरूर में तो मामला बहुत गंभीर हो गया। वहां कुछ कर्मचारी बस के ऊपर चढ़ गए और पुलिस वालों पर पेट्रोल छिड़क दिया। धुरी थाने के SHO की यूनिफॉर्म में आग लग गई और वे झुलस गए। इस घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। लुधियाना में प्रदर्शनकारियों ने पुलिस की कार्रवाई की कड़ी निंदा की। एक प्रदर्शनकारी ने कहा, ‘सरकार हमारी मांग मान ले और हिरासत में लिए गए साथियों को तुरंत रिहा करे।’

मुफ्त यात्रा करने वाली महिलाएं सबसे ज्यादा परेशान
किसान मजदूर संघर्ष कमेटी के नेता सरवन सिंह पंधेर ने भी कर्मचारियों का खुलकर साथ दिया। उन्होंने राज्य सरकार पर इस स्कीम को प्राइवेट ठेकेदारों के हित में लाने का आरोप लगाया। दूसरी तरफ सड़कों पर सरकारी बसें गायब होने से यात्रियों का बुरा हाल है। प्राइवेट बस वाले मनमाना किराया वसूल रहे हैं। मुफ्त यात्रा करने वाली महिलाएं सबसे ज्यादा परेशान हैं। कर्मचारी कह रहे हैं कि जब तक उनकी मांगें पूरी नहीं होंगी, हड़ताल खत्म नहीं होगी। सरकार और यूनियनों के बीच अभी तक कोई बातचीत शुरू नहीं हुई है। अब देखने वाली बात ये है कि यह आंदोलन कब तक चलता है और आम जनता को कब तक परेशानी झेलनी पड़ती है। 

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भारत की परंपरा भाईचारे में निहित, विवाद हमारे स्वभाव में नहीं

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नागपुर  :  राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) प्रमुख मोहन भागवत ने शनिवार को कहा कि विवादों में पड़ना भारत के स्वभाव में नहीं है और देश की परंपरा ने हमेशा भाईचारे और सामूहिक सद्भाव पर जोर दिया है. नागपुर में एक कार्यक्रम में संघ प्रमुख ने कहा कि भारत की राष्ट्रवाद की अवधारणा पश्चिमी सोच से पूरी तरह अलग है.

नागपुर में एक कार्यक्रम में मोहन भागवत ने कहा कि भारत की राष्ट्रवाद की अवधारणा पश्चिमी सोच से पूरी तरह अलग है. उन्होंने कहा, ‘हमारी किसी से कोई बहस नहीं होती. हम झगड़ों से दूर रहते हैं. झगड़ा करना हमारे देश के स्वभाव में नहीं है. साथ रहना और भाईचारा बढ़ाना हमारी परंपरा है.’ उन्होंने यह भी कहा कि दुनिया के दूसरे हिस्से टकराव वाले हालात में ही बने हैं.’

उन्होंने कहा, ‘एक बार कोई राय बन जाने के बाद उस विचार के अलावा कुछ भी मंजूर नहीं होता. वे दूसरे विचारों के लिए दरवाजे बंद कर देते हैं और उसे इज्म कहना शुरू कर देते हैं.’ भागवत ने यह भी कहा कि भारत की राष्ट्र की अवधारणा पश्चिमी व्याख्याओं से मूल रूप से अलग है.’

उन्होंने जोर देकर कहा, ‘वे राष्ट्र के बारे में हमारे विचार नहीं समझते, इसलिए उन्होंने इसे ‘राष्ट्रवाद’ कहना शुरू कर दिया.’ ‘राष्ट्र’ का हमारा कॉन्सेप्ट, राष्ट्र के पश्चिमी विचार से अलग है. हमारे बीच इस बारे में कोई मतभेद नहीं है कि यह राष्ट्र है या नहीं — यह एक ‘राष्ट्र’ है और यह पुराने समय से मौजूद है.’

उन्होंने दावा किया, ‘हम राष्ट्रीयता शब्द का इस्तेमाल करते हैं, राष्ट्रवाद का नहीं. देश पर बहुत ज्यादा गर्व की वजह से दो वर्ल्ड वॉर हुए. इसीलिए कुछ लोग राष्ट्रवाद शब्द से डरते हैं.’ आरएसएस प्रमुख ने कहा कि भारत का राष्ट्रवाद घमंड या गर्व से पैदा नहीं हुआ है, बल्कि लोगों के बीच गहरे जुड़ाव और प्रकृति के साथ उनके सह-अस्तित्व से पैदा हुआ है.

उन्होंने ज्ञान के महत्व पर भी जोर दिया जिससे समझदारी आती है और इस बात पर जोर दिया कि सिर्फ जानकारी से ज्यादा व्यावहारिक समझ और एक सार्थक जीवन जीना जरूरी है. उन्होंने कहा कि सच्ची संतुष्टि दूसरों की मदद करने से मिलती है. यह एक ऐसी भावना है जो अस्थायी सफलता के विपरीत, जीवन भर बनी रहती है.

रोहित शर्मा के नए पार्टनर की तलाश, दो खिलाड़ियों का जबरदस्त प्रदर्शन चर्चा में

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क्रिकेट | भारत और साउथ अफ्रीका के बीच तीन वनडे मैचों की सीरीज का पहला मुकाबला रांची के मैदान पर खेला जाएगा। चोटिल होने की वजह से इस सीरीज में नियमित कप्तान शुभमन गिल नहीं खेल रहे हैं और उनकी जगह कप्तानी की जिम्मेदारी केएल राहुल संभाल रहे हैं। गिल लंबे समय से रोहित के साथ वनडे में ओपनिंग कर रहे थे। अब टीम मैनेजमेंट और नए नवेले कप्तान राहुल के सामने यही सवाल सिर उठाए खड़ा है कि रोहित के साथ अब कौन ओपनिंग करेगा। भारतीय स्क्वाड में इसके लिए यशस्वी जायसवाल और ऋतुराज गायकवाड़ के रूप में दो दावेदार मौजूद हैं।

यशस्वी जायसवाल ने खेला है सिर्फ एक वनडे मैच

यशस्वी जायसवाल ने भारतीय टीम के लिए वनडे क्रिकेट में फरवरी 2025 में डेब्यू किया था और उन्होंने अभी तक सिर्फ यही एक मैच खेला है, जिसमें उन्होंने कुल 15 रन बनाए थे। शुभमन गिल की वजह से उन्हें प्लेइंग इलेवन में खेलने का मौका नहीं मिल पा रहा था। अब उनकी गैरमौजूदगी में वह अच्छा प्रदर्शन करना चाहेंगे। पिछले कुछ सालों से वह भारतीय टेस्ट टीम की अहम कड़ी बने हुए हैं और टेस्ट में 2511 रन भी बना चुके हैं, जिसमें 7 शतक और 13 अर्धशतक शामिल रहे हैं।

ऋतुराज गायकवाड़ ने वनडे क्रिकेट में बनाए 115 रन

दूसरी तरफ ऋतुराज गायकवाड़ की लंबे समय बाद वनडे टीम में वापसी हुई है और उन्होंने अपना आखिरी वनडे मुकाबला साल 2024 में खेला था। गायकवाड़ ने टीम इंडिया के लिए अभी तक 6 वनडे मैचों में कुल 115 रन बनाए हैं, जिसमें एक अर्धशतक शामिल रहा है। 28 साल के इस खिलाड़ी ने पिछले कुछ से घरेलू क्रिकेट में रनों के पहाड़ खड़े किए हैं। इसके अलावा इंडिया-ए की टीम के लिए भी अच्छा किया था।

गायकवाड़ ने वनडे में जायसवाल से बनाए ज्यादा रन

ऋतुराज गायकवाड़ ने यशस्वी जायसवाल से वनडे में ज्यादा मैच भी खेले हैं और रन भी ज्यादा बनाए हैं। ऐसे में टीम मैनेजमेंट एक खिलाड़ी को ओपनिंग और एक को मिडिल ऑर्डर में जगह दे सकता है। या फिर एक प्लेयर को प्लेइंग इलेवन से बाहर रख सकता है। अब ये आने वाला वक्त ही बताएगा कि किस खिलाड़ी को प्लेइंग इलेवन में मौका मिलेगा और किसे नहीं?

PM मोदी को चिट्ठी लिखकर दिए अहम सुझाव

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नई दिल्ली : दिल्ली में बढ़ते वायु प्रदूषण को लेकर हर ओर चिंता जताई जा रही है. विपक्षी दल भी प्रदूषण को लेकर सरकार पर हमला कर रहे हैं. अब राजधानी की दूषित हवा को लेकर पूर्व लेफ्टिनेंट गवर्नर और आईपीएस अधिकारी डॉक्टर किरण बेदी ने चिंता जताई है. उन्होंने प्रधानमंत्री मोदी को पत्र लिखकर कहा है कि देश की हवा लगातार जहरीली होती जा रही है, लेकिन प्रशासनिक समन्वय और दीर्घकालिक योजना की कमी इस संकट को हर साल और भयावह बना रही है.

किरण बेदी ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को लिखे एक विस्तृत पत्र में कहा है कि दिल्लीएनसीआर की हवा अब एक सार्वजनिक स्वास्थ्य के लिहाज से आपातकाल बन चुकी है और इसे केवल अस्थायी उपायों से नहीं रोका जा सकता. उन्होंने अपने X पोस्ट में कहा कि उन्होंने अपने कार्यकाल के दौरान कई राष्ट्रीय चुनौतियों में समयबद्ध कार्यवाही सुनिश्चित की थी, और उसी तरह की उच्च-स्तरीय, नियमित मॉनिटरिंग आज दिल्ली के प्रदूषण संकट को रोकने के लिए जरूरी है.

पीएम मोदी को दिए 4 सुझाव
पीएम मोदी को लिखे पत्र में किरण बेदी ने अपने 4 सुझाव भी दिए हैं. उनका कहना है कि 3 पड़ोसी राज्यों के मुख्यमंत्रियों और मुख्य सचिवों के साथ प्रधानमंत्री की हर महीने ऑनलाइन बैठकें होनी चाहिए, साथ ही शीर्ष स्तर पर नियमित समीक्षा किए जाने से राज्यों में जवाबदेही बढ़ेगी और स्थिति बिगड़ने से रोकी जा सकेगी.

इसके अलावा उन्होंने पीएम मोदी से मन की बात कार्यक्रम के जरिए जन-भागीदारी का संदेश देने का सुझाव दिया है. विभागीय समन्वय की कमी को दूर करने के सुझाव के साथ ही प्रशासन के सक्रिय किए जाने की बात भी कही है. उन्होंने कहा कि शासन केवल बैठकों से नहीं चलता, अधिकारियों को मैदान में उतरकर स्थिति का वास्तविक आकलन करना चाहिए.

स्थायी समाधान के विकल्प
पूर्व पुलिस अफसर ने कहा कि हर साल का प्रदूषण संकट इसलिए होता क्योंकि सरकारें तात्कालिक उपायों पर निर्भर रहती हैं, जैसे स्मॉग टॉवर और ऑडईवन. इसी तरह कई एजेंसियों के बीच जिम्मेदारी बंटी हुई होती है. इसके अलावा वाहन, उद्योग, निर्माण धूल और पराली जैसे बड़े स्रोतों को प्रभावी ढंग से नियंत्रित नहीं किया जाता. साथ ही लंबे समय वाली नीतियों की तुलना में अल्पकालिक राजनीतिक फायदे प्राथमिकता बन जाते हैं. जबकि वास्तविक सुधार के लिए मजबूत प्रवर्तन, स्वच्छ ऊर्जा और ट्रांसपोर्ट में लंबे निवेश की जरूरत है.

राजधानी में वायु प्रदूषण को लेकर किरण बेदी ने कहा कि दिल्ली को भी इस संकट से निपटने में केंद्र और राज्य सरकार के साथ समन्वय की उतनी ही जरुरत थी जितनी अन्य विकास कार्यों में डबल इंजन की बात कही जाती है. हवा की गुणवत्ता में सुधार तभी होगा जब शीर्ष नेतृत्व, सभी राज्य, और हर विभाग मिलकर ईमानदार और सतत स्तर प्रयास करेंगे.

जब रोहित-कोहली आसपास हों तो अलग ऊर्जा का हिस्सा बनना रोमांचक: बावुमा

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रांची : भारत और साउथ अफ्रीका के बीच रविवार से तीन वनडे मुकाबलों की सीरीज शुरू होगी। पहला मैच जेएससीए इंटरनेशनल स्टेडियम में खेला जाएगा। साउथ अफ्रीकी कप्तान टेंबा बावुमा का मानना है कि रोहित शर्मा और विराट कोहली जैसे दिग्गजों की मौजूदगी में मैदान पर एक अलग तरह की ऊर्जा होगी, जिसका हिस्सा बनना रोमांचक होगा।

स्टार स्पोर्ट्स के इंस्टाग्राम अकाउंट पर शनिवार को पोस्ट किए गए एक वीडियो में बावुमा ने कहा, “मुझे लगता है कि यह रोमांचक है। यह भारतीय फैंस के लिए रोमांचक है। दो दिग्गज वापस आ रहे हैं। वे कुछ समय के लिए भारत की धरती पर खेल रहे हैं। जब ये दो बड़े खिलाड़ी आसपास हों, तो एक अलग तरह की ऊर्जा का हिस्सा बनना हमारे लिए रोमांचक है। यह कुछ ऐसा है जिसका हम इंतजार कर रहे हैं।”

टेंबा बावुमा ने भारत की इस अनुभवी जोड़ी को लेकर कहा, “मुझे लगता है कि किसी भी दूसरे खिलाड़ी की तरह, हम भी उनके आस-पास अपनी तैयारी करेंगे। जो भी रणनीति हमारे पास होगी, हम उन्हें फॉलो करेंगे। हम जानते हैं कि ऊर्जा थोड़ी अलग होगी, लेकिन यह रोमांचक होगा।”

उन्होंने आगे कहा, “एक कप्तान के नजरिए से, मुझे नहीं लगता कि मेरी टीम के लिए ज्यादा कुछ बदलेगा। मुझे लगता है कि आप जाहिर तौर पर बल्ले से प्रदर्शन करना चाहते हैं। आप मैदान पर रणनीति के मुताबिक खिलाड़ियों को लीड करना चाहते हैं। इसलिए मुझे नहीं लगता कि ज्यादा कुछ बदलेगा।”

रोहित शर्मा और विराट कोहली ने अक्टूबर में ऑस्ट्रेलिया दौरे पर वनडे सीरीज खेली थी। इसके बाद चर्चा थी कि शायद यह जोड़ी वनडे वर्ल्ड कप में न खेले, लेकिन कुछ फैंस को विश्वास है कि ‘रो-को’ आगामी विश्व कप में टीम इंडिया का हिस्सा होंगे।

भारत और साउथ अफ्रीका के बीच 30 नवंबर को रांची में पहला वनडे मैच खेला जाएगा, जिसके बाद दोनों देश रायपुर में 3 दिसंबर को अगला मैच खेलेंगे। सीरीज का तीसरा मुकाबला 6 दिसंबर को विशाखापत्तनम में आयोजित होगा।

फोन के एक बटन पर पाएं तीन फीचर, जानें कैसे

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नई दिल्ली : अगर आपने फीचर फोन चलाया होगा तो आपको मालूम होगा कि फीचर फोन की ‘हार्ड की’ यानी बटन पर ढेरों शॉर्टकट दिए जाते थे। लेकिन वर्तमान समय में आने वाले स्मार्टफोन में शॉर्टकट काफी कम होते हैं। अगर आप चाहें तो गूगल प्लेस्टोर पर मिलने वाले कुछ खास एप की मदद से खुद के शॉर्टकट तैयार कर सकते हैं। आइए जानते हैं इनके बारे में।

बटन रीमैपर
गूगल प्लेस्टोर पर मौजूद इस एप की मदद से आप जितना चाहें उतने शॉर्टकट तैयार कर सकते हैं। साथ ही इसके दो वर्जन उपलब्ध हैं जिसमें से प्रीमियम वर्जन है। प्रीमियम वर्जन के लिए शुल्क अदा करना होता है। मुफ्त में मिलने वाले बटन रीमैपर (नो रूट) एप को डाउनलोड करें। इसे ओपन करने के बाद जब सबसे पहले एप खुलेगा तो स्क्रीन पर ऊपर की तरफ एक खास तरह का विकल्प आएगा। इसे एक्टिवेट करना होगा। इसके बाद शॉर्टकट तैयार करने के लिए सबसे पहले एप को खोलें, उसके बाद नीचे दाईं ओर दिए गए प्लस के निशान पर क्लिक करें। इसके बाद दो विकल्प मिलेंगे। इसमें से ऊपर वाले विकल्प का चुनाव करें। फिर ‘न्यू एक्शन’ नाम का पॉपअप खुलेगा। इसके अंदर की लिखा मिलेगा, उस पर क्लिक करते ही आपके सामने उन सभी विकल्पों की सूची आ जाएगी, जहां पर आप शॉर्टकट सेट कर सकते हैं। किसी एक का चुनाव करने के बाद नीचे लॉन्ग एक्शन का विकल्प दिखेगा। उसे एक्टिवेट करने के लिए, उस पर क्लिक कर दें। यहां तक कि लॉन्ग एक्शन का समय भी बदला जा सकता है। फिर ओके पर क्लिक कर दें। इस प्रक्रिया को अपनाकर आप जितने चाहें उतने शॉर्टकट तैयार कर सकते हैं। इसकी मदद से आप होम बैक, रिसेंट एप, कैमरा और वॉल्यूम की पर अपने मनमुताबिक शॉर्टकट तैयार कर सकते हैं। यहां तक कि इस पर एक बटन पर दो शॉर्टकट सेट हो सकते हैं। एक साधारण क्लिक पर और दूसरा लॉन्ग क्लिक कर।

मेन्यू की रीमैपर
बटन रीमैपर से ज्यादा मेन्यू की रीमैपर (नो रूट) एप पर शॉर्टकट सेट किए जा सकते हैं। इस एप में बटन के चार क्लिक विकल्प दिए गए हैं। उदाहरण के तौर पर एक क्लिक पर एक एप खुलेगा। दो क्लिक पर दूसरा एप खुलेगा। साथ ही तीन बार बटन को क्लिक करने पर तीसरा एप सामने आ जाएगा। वहीं जरूरत पड़ने जल्दी-जल्दी चार क्लिक करने पर चौथा विकल्प खुलकर सामने आएगा। इन विकल्प में आप फोन सेटिंग या एप को शामिल कर सकते हैं। यह एप गूगल प्लेस्टोर पर मुफ्त में उपलब्ध है।

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कोहली के सामने सुनहरा मौका, रच सकते हैं नया विश्व कीर्तिमान

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क्रिकेट | टीम इंडिया के दिग्गज बल्लेबाज विराट कोहली वनडे क्रिकेट में कई रिकॉर्ड अपने नाम कर चुके हैं। विराट अब साउथ अफ्रीका के खिलाफ पहले वनडे मैच में एक और नया कीर्तिमान अपने नाम कर सकते है। तीन मैचों की वनडे सीरीज का पहला मैच 30 नवंबर को रांची के JSCA इंटरनेशनल क्रिकेट स्टेडियम में खेला जाएगा। इस मैच में विराट कोहली के पास एक बड़ा रिकॉर्ड अपने नाम करने का मौका होगा।

विराट कोहली अपने नाम करेंगे ये खास रिकॉर्ड

कोहली ने द्विपक्षीय वनडे सीरीज के इतिहास में 196 पारियों में 9936 रन बनाए हैं। अगर कोहली इस मैच में 64 रन बना लेते हैं तो द्विपक्षीय वनडे सीरीज में 10000 रन पूरे कर लेंगे और ऐसा करने वाले दुनिया के पहले क्रिकेटर बन जाएंगे। इस लिस्ट में दूसरे नंबर पर एमएस धोनी हैं, जिन्होंने 201 पारियों में 7669 रन बनाए हैं। बता दें कि साउथ अफ्रीका के खिलाफ कोहली का वनडे रिकॉर्ड शानदार रहा है। उन्होंने अभी तक साउथ अफ्रीका के खिलाफ वनडे में 65.39 की औसत से 1504 रन बनाए हैं, इस दौरान वह पांच शतक लगाने में कामयाब रहे हैं।

रांची के मैदान पर शानदार है विराट कोहली का रिकॉर्ड

रांची के इस मैदान पर विराट कोहली के आंकड़े काफी अच्छे हैं। उन्होंने इस मैदान पर अब तक पांच मैच खेले हैं। इनमें चार पारियों में उन्होंने बल्लेबाजी की है और 192 की औसत से 384 रन बनाए हैं, जिनमें दो शतक और एक अर्धशतक शामिल हैं। कोहली ने इस मैदान पर 15 नवंबर 2014 को श्रीलंका के खिलाफ 139 रनों की पारी खेली थी, जो इस ग्राउंड में किसी भी भारतीय बल्लेबाज के साथ-साथ संयुक्त रूप से सर्वश्रेष्ठ स्कोर है। इसके अलावा 8 मार्च 2019 को ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ उन्होंने 123 रन बनाए थे।

ऑस्ट्रेलिया सीरीज में विराट के बल्ले से नहीं आए थे रन

विराट ने इससे पहले अपनी आखिरी वनडे सीरीज ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ खेली थी। इस वनडे सीरीज में विराट पहले दो मैच में अपना खाता भी नहीं खोल पाए थे और डक पर आउट होकर पवेलियन लौट गए थे। वहीं आखिरी वनडे में उनके बल्ले से नाबाद 74 रन की पारी आई थी। अब इस सीरीज में भी विराट कुछ बड़ी पारियां खेलना चाहेंगे। 

नडे सीरीज के लिए भारतीय टीम: रोहित शर्मा, यशस्वी जयसवाल, विराट कोहली, तिलक वर्मा, केएल राहुल (कप्तान/विकेटकीपर), ऋषभ पंत (विकेटकीपर), वॉशिंगटन सुंदर, रवींद्र जडेजा, नीतीश कुमार रेड्डी, हर्षित राणा, ऋतुराज गायकवाड़, प्रसिद्ध कृष्णा, अर्शदीप सिंह, ध्रुव जुरेल और कुलदीप यादव

कांग्रेस में भूचाल! अहमद पटेल के बेटे ने फेसबुक पर किया ये पोस्ट, क्या पार्टी में होगी बड़ी टूट?

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Faisal Patel Congress: कांग्रेस के दिग्गज नेता और पूर्व राज्यसभा सांसद अहमद पटेल के बेटे फैसल अहमद पटेल के फेसबुक पोस्ट ने राजनीतिक गलियारों में हलचल पैदा कर दी. पोस्ट में फैसल ने अपनी बहन मुमताज का भी जिक्र किया है. मुमताज ने भी बिहार विधानसभा चुनाव हारने के बाद कांग्रेस पार्टी के शीर्ष नेताओं पर निशाना साधा था. अब उनके भाई फैसल पटेल ने कांग्रेस से अलग एक नए ग्रुप बनाने की बात कही है. जिसके बाद सियासी बयानबाजी जारी है.

फैसल अहमद पटेल ने फेसबुक पोस्ट में लिखा, “मेरी बहन भी मेरे साथ आ सकती है. मैं कांग्रेस पार्टी को तोड़ने के बारे में सोच रहा हूं. मैं इसे कांग्रेस (AP) कहूंगा. सबके क्या विचार हैं?” हालांकि मुमताज ने फैसल के दावे को खारिज करते हुए इसे निजी फैसला बताया है

मुमताज पटेल ने ‘एक्स’ पर दी सफाई

मुमताज पटेल ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ पर लिखा, मैं स्पष्ट कर दूं.कि मेरा किसी नई राजनीतिक पार्टी में शामिल होने या किसी नई पहल का हिस्सा बनने का कोई इरादा नहीं है. मेरे भाई के विचार और निर्णय पूरी तरह से उनके अपने हैं. कृपया मुझे इससे न जोड़ें.

 

गांधी परिवार के खास रहे अहमद पटेल

बता दें, अहमद पटेल का परिवार काफी समय से कांग्रेस से जुड़ा रहा है. यह परिवार गांधी परिवार का काफी खास माना जाता था. अहमद पटेल के निधन के बाद उनके बच्चे पार्टी से तो जुड़े रहे लेकिन अब उनके सुर बदल गए हैं. यह घटना भी उस वक्त सामने आई, जब कर्नाटक में पार्टी पहले से ही अंतर्कलह और बिहार विधानसभा चुनाव की करारी हार से जूझ रही है. फिलहाल, इस पोस्ट ने राजनीतिक गलियारों पर सियासी हलचल पैदा कर दी है.

क्या करते हैं फैसल पटेल?

फैसल पटेल ने हार्वर्ड बिजनेस स्कूल से पढ़ाई करने के बाद आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस और बिग डेटा पर काम किया. उन्होंने अपना ज्यादातर समय दिवंगत पिता के ट्रस्टों के माध्यम से परोपकारी कार्यों पर दिया है. अहमद पटेल के निधन के बाद उनका ज्यादातर ध्यान सामाजिक कार्यों पर रहा है. वहीं, उनकी बहन मुमताज, पिता की राजानीतिक विरासत संभालने का प्रयास कर रही हैं.

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