13.8 C
London
Wednesday, April 29, 2026
HomeLatest Newsबिहार में कांग्रेस ने कई नेताओं को पार्टी से निकाला, पार्टी-विरोधी गतिविधियों...

बिहार में कांग्रेस ने कई नेताओं को पार्टी से निकाला, पार्टी-विरोधी गतिविधियों के कारण एक्शन

#LatestराजनीतिNews #राजनीतिNews #राजनीतिUpdate #राजनीतिNews #BollywoodHindiNews

नई दिल्ली: बिहार कांग्रेस अनुशासन समिति (Bihar Congress Disciplinary Committee) ने सात नेताओं के विरुद्ध कठोर कार्रवाई करते हुए उन्हें छह वर्ष के लिए कांग्रेस की प्राथमिक सदस्यता से निष्कासित कर दिया है. अनुशासन समिति के अध्यक्ष कपिलदेव प्रसाद यादव द्वारा जारी आदेश में कहा गया है कि संबंधित नेताओं से प्राप्त स्पष्टीकरण समिति को संतोषजनक नहीं लगा.

उनके कार्य पार्टी अनुशासन उल्लंघन के पाँच मानकों में से तीन के अंतर्गत स्पष्ट रूप से आते हैं. समिति ने उल्लेख किया कि नेताओं ने कांग्रेस के कार्यक्रमों और निर्णयों के विरुद्ध लगातार पार्टी मंचों से बाहर बयान दिए. सक्षम अधिकारियों के निर्देशों की जानबूझकर अवहेलना की. प्रिंट और सोशल मीडिया में टिकट खरीद–फरोख्त जैसे निराधार और भ्रामक आरोप लगाकर पार्टी की प्रतिष्ठा को गंभीर क्षति पहु्ंचाई.

बिहार कांग्रेस ने जिन नेताओं पर कार्रवाई की है, उनमें कांग्रेस सेवा दल के पूर्व उपाध्यक्ष आदित्य पासवान, प्रदेश कांग्रेस के पूर्व उपाध्यक्ष शकीलुर रहमान, किसान कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष राज कुमार शर्मा, प्रदेश युवा कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष राज कुमार राजन, अति पिछड़ा विभाग के पूर्व अध्यक्ष कुंदन गुप्ता, बांका जिला कांग्रेस कमेटी की अध्यक्ष कंचना कुमारी और नालंदा के कांग्रेसी नेता रवि गोल्डेन शामिल हैं. उनके कार्य पार्टी अनुशासन उल्लंघन के पांच मानकों में से तीन के अंतर्गत स्पष्ट रूप से आते हैं. इन पर कांग्रेस पार्टी के मूल सिद्धांतों, अनुशासन और संगठनात्मक मर्यादा के प्रति शिथिल रवैया अपनाने तथा पार्टी-प्लेटफ़ॉर्म के बाहर लगातार अवांछित व भ्रामक बयान जारी करने के आरोप हैं.

बिहार कांग्रेस अनुशासन समिति ने उल्लेख किया कि उक्त नेताओं ने कांग्रेस के कार्यक्रमों और निर्णयों के विरुद्ध लगातार पार्टी मंचों से बाहर बयान दिए.सक्षम अधिकारियों के निर्देशों की जानबूझकर अवहेलना की. समिति ने यह भी स्पष्ट किया कि जिन मुद्दों को उठाकर नेताओं ने दुष्प्रचार किया, उन पर पार्टी ने पूर्ण पारदर्शिता अपनाई थी. पर्यवेक्षकों की नियुक्ति, जनसंपर्क कार्यक्रम, प्रदेश चुनाव समिति की बैठकों तथा अखिल भारतीय चुनाव समिति द्वारा विस्तृत समीक्षा के बाद ही अधिकृत प्रत्याशियों की घोषणा की गई थी.

इसके बावजूद संबंधित नेताओं के आचरण से पार्टी के विभिन्न स्तरों पर प्रदेश कांग्रेस कमेटी, पर्यवेक्षक, चुनाव समितियों तथा अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी के निर्णयों की अवमानना हुई और संगठन के भीतर भ्रम फैलाने की कोशिश की गई. समिति ने यह भी बताया कि केंद्रीय पर्यवेक्षक श्री अविनाश पाण्डेय की सहमति से विधान सभा पर्यवेक्षक बनाए जाने के बाद भी इन नेताओं ने अनुशासनहीनता जारी रखी.

1000+ PPE Kits Delivered as EXIM Logistics Enhances Driver Protection Measures

Bhubaneswar | April 27, 2026 Strengthening its commitment to driver welfare and operational safety, EXIM Logistics Private Limited has successfully delivered over 1000 Personal Protective...

International Actor Borje Lundberg Praises Amit Chetwani, Hints at Future Projects and India Visit

A International Actor has expressed his appreciation following his collaboration with Amit Chetwani, describing the experience as both highly professional and thoroughly enjoyable. Speaking about...