8.7 C
London
Sunday, October 18, 2026
HomeLatest Newsअमेरिका ने लिया यू-टर्न, ट्रेड डील की प्रमुख शर्तों में गुपचुप किए...

अमेरिका ने लिया यू-टर्न, ट्रेड डील की प्रमुख शर्तों में गुपचुप किए बदलाव

#LatestNews #BreakingNews #NewsUpdate #IndiaNews #HindiNews

नई दिल्ली। भारत-अमेरिका ट्रेड डील पर सहमति बनने के बाद अमेरिका ने मंगलवार को एक फैक्ट शीट जारी कर समझौते की प्रमुख शर्तें बताईं थीं। अब एक दिन बाद ही वाइट हाउस ने यू-टर्न लिया है। वाइट हाउस ने समझौते की प्रमुख शर्तों में गुपचुप तरीक से बदलाव किया है। खास बात यह है कि नई शर्तों में लिखीं बातें भारत के हक में है। शब्दों में भी हेरफेर की गई है। एग्रीमेंट का सबसे अहम हिस्सा कि भारत अमेरिका से 500 बिलियन से ज्यादा के उत्पाद खरीदने के लिए ‘प्रतिबद्ध’ है, को बदलकर भारत इस मूल्य के अमेरिकी उत्पाद खरीदने का ‘इरादा रखता है’ कर दिया है।
मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक अमेरिका की तरफ से जारी संशोधित दस्तावेज में कहा गया है कि भारत सभी अमेरिकी औद्योगिक वस्तुओं व अमेरिकी खाद्य और कृषि उत्पादों की एक विस्तृत श्रृंखला पर शुल्क समाप्त या कम करेगा, जिनमें ड्राइड डिस्टिलर्स ग्रेन्स, रेड सोरघम, ट्री नट्स, ताजे व प्रसंस्कृत फल, सोयाबीन तेल, वाइन और स्पिरिट और अन्य उत्पाद शामिल हैं। इसमें आगे कहा गया है कि भारत अधिक अमेरिकी उत्पाद खरीदने और 500 अरब डॉलर से अधिक की अमेरिकी ऊर्जा, सूचना एवं संचार प्रौद्योगिकी, कोयला और अन्य उत्पादों की खरीद का इरादा रखता है। पहले ‘इरादा’ शब्द की जगह ‘प्रतिबद्ध है’ लिखा गया था।
इसके अलावा वाइट हाउस ने एक अहम बदलाव भी किया है। समझौते पर जारी संशोधित दस्तावेज में उन अमेरिकी उत्पादों की सूची से दालों का जिक्र हटा दिया है जिन पर भारत के शुल्क समाप्त करने या कम किए जाने की बात कही थी। फैक्टशीट में प्रोडक्ट कैटेगरी की सूची से एग्रीकल्चरल शब्द भी हटा दिया है। बता दें मंगलवार को जारी फैक्टशीट में कहा गया था कि भारत सभी अमेरिकी इंडस्ट्रियल उत्पादों और अमेरिका के कई तरह के फूड आइटम्स और कृषि उत्पादों पर टैरिफ खत्म कर देगा या कम कर देगा, जिसमें सूखे डिस्टिलर्स ग्रेन, लाल ज्वार, ट्री नट्स, ताज़े और प्रोसेस्ड फल, कुछ दालें, सोयाबीन तेल, वाइन और स्पिरिट्स, और दूसरे प्रोडक्ट्स शामिल हैं। हालांकि आज हुए बदलावों में इस सूची से कुछ दालों का जिक्र हटा दिया गया है।
एक अन्य बदलाव में ओरिजिनल फैक्टशीट में लिखा था कि भारत अपने डिजिटल सर्विस टैक्स हटा देगा और डिजिटल ट्रेड में भेदभाव वाली प्रक्रिया और दूसरी रुकावटों को दूर करने वाले मजबूत बाइलेटरल डिजिटल ट्रेड नियमों पर बातचीत करने के लिए कमिटेड है। हालांकि, नई फैक्टशीट में यह नहीं बताया गया है कि भारत अपने डिजिटल सर्विस टैक्स हटा देगा। इसके बजाय इसमें कहा गया है कि भारत ने मजबूत बाइलेटरल डिजिटल ट्रेड नियमों पर बातचीत करने का वादा किया है।

Previous articleवैशाली नदी पुनर्जीवन प्रोजेक्ट का अटका काम, हाईकोर्ट ने नगर निगम को दिया 10 दिन का अल्टीमेटम
Next articleसिंहस्थ के लिए उज्जैन के प्रबंधन से पूरे प्रदेश का बढ़ेगा गौरव : मुख्यमंत्री डॉ. यादव
News Desk

जलवायु विहार में धूमधाम से आयोजित हुआ सांस्कृतिक कार्यक्रम व डांडिया उत्सव; ADCP मनीषा सिंह ने ‘मिशन शक्ति’ के प्रति किया जागरूक

जलवायु विहार में धूमधाम से आयोजित हुआ सांस्कृतिक कार्यक्रम व डांडिया उत्सव; ADCP मनीषा सिंह ने 'मिशन शक्ति' के प्रति किया जागरूक ग्रेटर नोएडा /...

How Respect Network Approaches Harmful Social Media Posts and Videos

A harmful social media post can remain visible long after it has been reported, creating challenges for people attempting to protect their online reputation....